नई दिल्ली: ललित होटल श्रृंखला चलाने वाले भारत होटल्स समूह पर छापेमारी में आयकर विभाग को विदेशों में एक हजार करोड़ रुपये से अधिक की अघोषित संपत्ति और भारी मात्रा में कालेधन का पता चला है. केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी है. विभाग ने छापेमारी के बाद जारी बयान में हालांकि, किसी का नाम नहीं लिया है, लेकिन आधिकारिक सूत्रों ने पुष्टि की है कि यह भारत होटल्स समूह का मामला है. समूह की चेयरपर्सन एवं प्रबंध निदेशक ज्योत्सना सूरी हैं.

सीबीडीटी ने कहा कि जांच से परतें खुली हैं और इसमें 1,000 करोड़ रुपये से अधिक की अघोषित विदेशी संपत्तियों की जानकारी मिली है. इसके अलावा घरेलू स्तर पर 35 करोड़ रुपये से अधिक की कर चोरी का भी पता चला है. सीबीडीटी ने कहा कि इस मामले में कालाधन कानून, 2015 और आयकर कानून के तहत कार्रवाई हो सकती है. सीबीडीटी ने कहा कि समूह की विदेशी संपत्तियों में ब्रिटेन के होटल में निवेश, ब्रिटेन और संयुक्त अरब अमीरात में अचल संपत्तियां और विदेशी बैंकों में नकद जमा शामिल है. बयान में कहा गया है कि भारत होटल समूह देश के होटल उद्योग का प्रमुख सदस्य है. इसके विदेश में होटल होने के साथ ही देश में विभिन्न स्थानों पर प्रसिद्ध ब्रांड नाम से लक्जरी होटलों की श्रृंखला है.

छापेमारी में 24.93 करोड़ रुपये की अघोषित संपत्तियां जब्त
सीबीडीटी ने कहा कि अब तक छापेमारी में 24.93 करोड़ रुपये की अघोषित संपत्तियां जब्त की गई हैं. इनमें 71.5 लाख रुपये नकद और 23 करोड़ रुपये के आभूषण और 1.2 करोड़ रुपये की महंगी घड़ियां शामिल हैं. विभाग ने समूह की, सूरी और अन्य के दिल्ली और आसपास के 13 परिसरों पर 19 जनवरी को छापेमारी शुरू की थी. भारत होटल्स समूह देश में ललित होटल श्रृंखला का परिचालन करता है. ज्योत्सना सूरी 1989 से भारत होटल्स समूह से जुड़ी है. उन्होंने 2006 में अपने पति ललित सूरी के निधन के बाद समूह की चेयरपर्सन और प्रबंध निदेशक का पद संभाला.