नई दिल्ली। रेलमंत्री पीयूष गोयल ने मंगलवार को कहा कि अगले छह महीनों में देश के करीब 6,000 रेलवे स्टेशनों पर वाई-फाई की सुविधा मिलने लगेगी. ‘स्मार्ट रेलवे सम्मेलन’ को संबोधित करते हुए गोयल ने कहा कि रेलवे स्मार्ट परियोजनाओं को लागू करने पर ध्यान दे रहा है. इस सम्मेलन का आयोजन फिक्की ने किया.

ऑप्टिकल फाइबर पर तेजी से काम

गोयल ने कहा, हमारा विश्वास है कि यदि हमें डिजिटल तकनीक का अधिकतम लाभ उठाना है, तो हमें देश के सूदूरतम इलाके में तकनीक तक पहुंच सुनिश्चित करनी होगी. रेलवे अपने नेटवर्क में उपलब्ध ऑप्टिकल फाइबर के अंतिम छोर तक कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने की दिशा में काम कर रहा है. हमें उम्मीद है कि अगले छह से आठ माह में सभी रेलवे स्टेशन, लगभग 6,000 स्टेशनों पर वाई-फाई की सुविधा होगी.

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उन्होंने कहा कि भारतीय रेल ने स्मार्ट तरीके से सोचना, योजना बनाना और काम करना शुरू कर दिया है. मेरा मानना है कि यही वो बदलाव है जो आपने पिछले चार साल में महसूस किया है. रेलों के समय पर चलने के बारे में गोयल ने कहा कि एक अप्रैल से अब तक रेलों का समय पालन बेहतर होकर 73-74% हो गया है. रेलवे ने अब स्टेशन मास्टर द्वारा हाथ से भरी जाने वाली समयसारिणी की व्यवस्था को बंद कर दिया है. अब इसे कंप्यूटरीकृत आंकड़ों से तैयार किया जाता है.

उन्होंने कहा, हम हर इंजन पर जीपीएस लगाने की दिशा में काम कर रहे हैं, ताकि हर रेल की वास्तविक समय में जानकारी मोबाइल फोन पर मिल सके. उन्होंने कहा कि रेलवे हर साल दो अरब डॉलर की बचत करने की दिशा में भी काम कर रहा है, नहीं तो इसका बोझ भी यात्रियों पर ही पड़ता. इसके लिए वह अपने कामकाज को अधिक दक्ष बना रहा है.