नई दिल्ली: केंद्रीय रेलमंत्री पियूष गोयल ने सोमवार को कावेरी एक्सप्रेस से मैसूर से बेंगलुरू तक का सफर किया. इस दौरान सेकेंड स्लीपर से लेकर जनरल कोच तक में जाकर उन्होंने यात्रियों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को जानने का प्रयास किया. दरअसल पियूष गोयल यहां  पैलेस क्वीन हमसफर एक्सप्रेस के उद्घाटन समारोह में शामिल होने के लिए आए थे, जिसे दिन में पीएम मोदी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. Also Read - Ease of Living Index: रहने के लिए सबसे अच्छा है देश का यह शहर, सरकार ने जारी की लिस्ट

उद्घाटन समारोह के बाद यहां एक जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने मैसूरू में 800 करोड़ रुपये के निवेश से एक विश्वस्तरीय नए सैटेलाइट रेलवे स्टेशन के निर्माण की घोषणा की. Also Read - Ease of Living Index जारी, इन शहरों ने बनाई टॉप 10 में जगह, MPI में नई दिल्‍ली और इंदौर का बेहतर प्रदर्शन

बता दें हाल ही में पियूष गोयल ने एएनआई इंडिया इन्फ्राकॉन 2018 के मौके पर कहा था कि रेलवे में सुरक्षा मामलों के लिए वे अगले साल 73 हजार करोड़ रुपए का निवेश करने जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि हमने मात्र 30 सेकेंड में तय कर लिया था कि भारतीय रेल और भारत के लोगों को अगले 6-7 सालों में दुनिया का सबसे मॉर्डन सिग्नल सिस्टम मुहैया कराएंगे.

गोयल ने बताया था कि जनवरी में हमने 400 किलो मीटर से ज्यादा टूटे हुए रेलवे ट्रैक को बदला और लगभग 500 किलो मीटर दिसंबर में बदलाव का काम हुआ. अब हम जो बाकी बचा हुआ है उसे पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं.

मालूम हो लगातार रेल दुर्घटनाओं के बाद सुरेश प्रभु को रेल मंत्री के पद से इस्तीफा देना पड़ा था और मंत्रिमंडल के फेरबदल के बाद पियूष गोयल को रेल मंत्री बनाया गया था.