नई दिल्ली: राजस्थान की राजनीति में लगभग दो महीने तक सीएम अशोक गहलोत और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट के बीच चले राजीनीतिक गतिरोध के बाद सचिन पायलट समेत बागी विधायकों की पार्टी वापसी हो गई है. सचिन पायलट की वापसी के बाद सीएम गहलोत ने कहा कि राजनीति में गतिरोध चलता रहता है लेकिन अपने तो अपने ही होते हैं. आज से राजस्थान विधानसभा का सत्र शुरू हो रहा है और अब सदन में कांग्रेस आज विश्वासमत साबित करेगी. सीएम अशोक गहलोत की अगुवाई में कांग्रेस ने दावा किया है कि उसके पास बुहमत है और वह पांच साल तक सरकार चलाएगी. Also Read - MP विधानसभा उपचुनाव: सिंधिया के गढ़ गरजेंगे सचिन पायलट, कांग्रेस के लिए करेंगे चुनाव प्रचार

राजस्थान विधानसभा का सत्र आज सुबह 11 बजे से शुरू होगा. अभी यह पूरी तरह से साफ नहीं है कि सदन में विश्वासमत प्रस्ताव लाया जाएगा कि नहीं क्योंकि विधानसभा की आज की कार्रवाई में विश्वासमत प्रस्ताव सूचिबद्ध नहीं किया है. अब यह विधानसभा अध्यक्ष पर निर्भर करेगा कि वह इसकी इजाजत देते हैं या नहीं. वहीं दूसरी तरफ भाजपा ने सदन पटल पर कांग्रेस को घेरने की कवायद शुरू कर दी है. भाजपा ने गुरुवार को कहा कि सदन शुरू होते ही वह कांग्रेस के खिलाफ अविश्वासमत प्रस्ताव लाएगी. Also Read - सचिन पायलट का जन्मदिन जबर्दस्त तरीके से मनाया, समर्थकों ने 45,000 से यूनिट रक्तदान किया

कांग्रेस के लिए अभी पूरी तरह से परेशानियां खत्म नहीं है. बसपा ने अपने विहिप जारी करके अपने विधायकों से कहा है कि अगर कांग्रेस विश्वासमत प्रस्ताव लाती है तो उसके खिलाफ वोट करें और ऐसा नहीं करने पर पार्टी उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी. Also Read - राहुल गांधी को कांग्रेस अध्यक्ष बनाने के समर्थन में सचिन पायलट, बताई दिल की बात

आज से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र में कुल आठ अध्यादेश पर चर्चा की जाएगी. सदन में राज्य में कोरोना के हालात पर भी चर्चा होगी. सदन शुरू होते ही अब पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी सक्रीय हो गयी है.  इससे पहले भाजपा नेता गुलाब चंद कटारिया और पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने कहा था कि सदन शुरू होत ही कांग्रेस के खिलाफ अविश्वासमत प्रस्ताव लाएंगे.

आपको बता दें कि गुरुवार को सचिन पायलट समेत सभी बागी विधायकों को पार्टी में वापसी हो गई. गुरुवार को सीएम अशोक गहलोत (Ashok Gahlot) और सचिन पायलट (Sachin Pilot) आज लम्बे गतिरोध के बाद आमने-सामने आए. कांग्रेस विधायक दल की बैठक में दोनों शामिल हुए. बैठक के बाद कांग्रेस विधायकों ने कहा कि पूरी पार्टी एकजुट है. हम पूरे पांच साल सरकार चलाएंगे. कांग्रेस ने कहा कि हमने बीजेपी को नाकाम कर दिया. वहीं, अशोक गहलोत ने विधानसभा में विश्वास मत लाने का ऐलान किया है.