नई दिल्लीः जाने माने पत्रकार रजत शर्मा ने दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है. इस्तीफा देने के बाद रजत शर्मा ने कहा कि मैं कभी अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं कर सकता और अब मालूम पड़ रहा है कि डीडीसीए और मैं एक साथ काम नहीं कर सकते. उन्होंने कहा कि तनाव भरे माहौल में काम को नहीं किया जा सकता. रजत शर्मा ने अपने इस्तीफे की जानकारी DDCA को ट्वीट करके दी.

इस्तीफा देने के बाद उन्होंने कहा कि यहां के लोगों में निजी स्वार्थ बहुत अधिक मायने रखता है उन्हें इस बात से फर्क नहीं पड़ता कि क्रिकेट के लिए क्या सही है या फिर क्या गलत. उन्होंने कहा कि अब इस संस्थान में ईमानदारी और पारदर्शिता जैसे सिद्धांतों का कोई मतलब नहीं है और मैं इनसे कभी समझौता नहीं कर सकता.


आपको बता दें कि डीडीसीए के अध्यक्ष पद पर रहते हुए रजत शर्मा ही थे जिन्होंने फिरोजशाह कोटला का नाम बदलकर अरुण जेटली स्टेडियम रखने का सबसे पहले प्रस्ताव दिया था. रजत शर्मा और दिवंगत नेता अरुण जेटली एक अच्छे दोस्त थे. माना जा रहा है कि अरुण जेटली के जाने के बाद ही रजत शर्मा के ऊपर कई तरह के दबाव डाले जा रहे थे और इसी के चलते उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया है.

रजत शर्मा ने डीडीसीए अध्यक्ष का पद पिछले साल जुलाई में संभाला था. शर्मा के बीस महीनें के कार्यकाल में कई बार उनके और डीडीसीए के बीच हुए मतभेदों की खबरे सामने आईं थी. शर्मा ने कहा कि मेरे काम करने की वजह से बहुत से लोगों को दिक्कत हो रही थी इसी वजह से मैंने इस्तीफा देने का निर्णय किया.