नई दिल्ली. वीवीआईपी हेलिकॉप्टर मामले में आरोपी दुबई के अकाउंटेंट राजीव सक्सेना को यहां कानून का सामना करने के लिए भारत लाया गया है. अधिकारियों ने बुधवार को कहा कि सक्सेना को देर शाम दिल्ली लाया गया. उसे दुबई के अधिकारियों ने बुधवार सुबह पकड़ा था. सक्सेना को धन शोधन के आरोपों में उनकी भूमिका की जांच कर रहे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को सौंपे जाने की उम्मीद है. इधर, सक्सेना के वकीलों ने उसे दुबई से यहां लाने में प्रत्यर्पण के नियमों का उल्लंघन किए जाने का आरोप लगाया है. Also Read - AgustaWestland chopper scam: CBI files chargesheet against ex-IAF chief S P Tyagi, nine others | अगस्ता वेस्टलैंड केस: सीबीआई ने पूर्व IAF प्रमुख समेत 9 लोगों के खिलाफ दायर की चार्जशीट

इस मामले में सह आरोपी और कथित बिचौलिये ब्रिटिश नागरिक क्रिश्चियन जेम्स मिशेल को पिछले साल दिसंबर में दुबई से प्रत्यर्पित करके भारत लाया गया था. वह फिलहाल न्यायिक हिरासत में है. ईडी ने दुबई में रहने वाले सक्सेना को इस मामले में कई बार तलब किया था और 2017 में चेन्नई हवाई अड्डे से उसकी पत्नी शिवानी सक्सेना को गिरफ्तार किया था. वह जमानत पर रिहा चल रही है. ईडी का आरोप है कि सक्सेना, उसकी पत्नी और दुबई स्थित उसकी दो फर्मों ने धन शोधन किया. ईडी ने इस मामले में दायर आरोपपत्र में सक्सेना को नामजद किया और उसके खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी करवाया था. Also Read - AgustaWestland: Congress leaders protest againts PM Narendra Modi's remark | अगस्ता वेस्टलैंड मामला: पीएम के बयान पर लोकसभा से कांग्रेस का वाकआउट

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार की सुबह करीब 9.30 बजे (UAE के समय के अनुसार) राजीव सक्सेना को उसके UAE स्थित आवास से पकड़ा गया. गिरफ्तारी के बाद सक्सेना को UAE के सुरक्षाकर्मियों ने अपनी हिरासत में ले लिया. वहां से शाम करीब 5.30 बजे उसे भारत के लिए रवाना कर दिया गया. भारत लाए जाने के बाद सक्सेना के वकील गीता लूथरा और प्रतीक यादव ने मीडिया के साथ बातचीत में आरोप लगाया कि UAE से सक्सेना के प्रत्यर्पण में नियमों का पालन नहीं किया गया. उसे न तो अपने परिवारवालों से मिलने दिया गया और न ही वकीलों से.

वकीलों का आरोप था कि सुरक्षा एजेंसियों ने सक्सेना को वह दवाएं भी नहीं लेने दी, जो उसके लिए जरूरी है. उसे दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक प्राइवेट जेट में बिठाकर भारत लाया गया. दोनों वकीलों ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने UAE की सुरक्षा एजेंसियों से इस बाबत बात करनी चाही, तो उन्हें वह भी नहीं करने दिया गया. एजेंसियों ने वकीलों से कहा कि उसे फ्लाइट में बैठाया जा चुका है और अब उसे रोका नहीं जा सकता. सक्सेना के वकीलों ने कहा कि जब उन लोगों ने बात करने को लेकर दबाव बनाया तो UAE की एजेंसियों ने कहा कि इस बारे में वे भारत सरकार से बात करें.

(इनपुट – एजेंसी)