लेह: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को कहा कि यदि पाकिस्तान ने घुसपैठ करानी बंद नहीं की तो भारतीय सशस्त्र बल उसे मुंहतोड़ जवाब देते रहेंगे. इसके साथ ही, जम्मू कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने भी चेतावनी दी कि भारतीय सेना आतंकी शिविरों को नष्ट करने के लिए पाकिस्तान के काफी भीतर जाकर वार करेगी. सिंह और मलिक की टिप्पणियां ऐसे समय आई हैं जब एक दिन पहले सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा कि नियंत्रण रेखा पर जम्मू कश्मीर के तंगधार और केरन सेक्टरों के दूसरी ओर भारतीय सेना की जवाबी कार्रवाई में पाकिस्तानी सेना के छह से दस सैनिक मारे गए और तीन आतंकी शिविर नष्ट हो गए.

पूर्वी लद्दाख में श्योक नदी पर बनाए गए कर्नल चेवांग रिंचेन पुल के उद्घाटन समारोह में रक्षा मंत्री सिंह ने पाकिस्तान को आड़े हाथों लिया. सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि अनुच्छेद 370 और 35ए के अधिकतर प्रावधानों को हटाने के बाद लद्दाख क्षेत्र के सिर्फ दोस्त बनेंगे और दुश्मनों के लिए कोई गुंजाइश नहीं होगी. उन्होंने कहा, ‘‘ हालांकि, हमारा पड़ोसी पाकिस्तान… हमारे सशस्त्र बल कभी भी पाकिस्तानी पक्ष पर हमलावर नहीं हुए हैं. हमने कभी भी पहली गोली नहीं चलाई है.’’ सिंह ने कहा कि लेकिन दूसरी ओर से आतंकवादी गतिविधियों का समर्थन कर भारत की अखंडता को अस्थिर और कमजोर करने तथा संकट में डालने की कोशिशें की गयी हैं.

उन्होंने कहा कि भारतीय सशस्त्र बलों ने उन्हें ‘मुंहतोड़ जवाब’ दिया है. सिंह ने कहा, ‘‘ अगर वे घुसपैठ करानी बंद नहीं करते हैं, तो हमारे सशस्त्र बल उन्हें तब तक मुंहतोड़ जवाब देना जारी रखेंगे जब तक कि वे (पाकिस्तान) ऐसी गतिविधियों को बंद नहीं कर देते.’’ वहीं, जम्मू कश्मीर के राज्यपाल मलिक ने श्रीनगर में एक समारोह से इतर संवाददाताओं से कहा कि यदि भारत के खिलाफ पाकिस्तान आतंकी गतिविधियों को बंद नहीं करता तो भारतीय सेना आतंकी शिविरों को नष्ट करने के लिए काफी भीतर (पाकिस्तान के) जाकर मार करेगी.

मलिक ने कहा कि पाकिस्तान को सही व्यवहार करना होगा और इन आतंकी शिविरों को खत्म करना होगा. यदि वह सही व्यवहार नहीं करता है तो भारत उसके काफी भीतर जाकर इन शिविरों को नष्ट कर देगा. उन्होंने कहा कि यदि पाकिस्तान आतंकी गतिविधियों को बंद नहीं करता तो उसके यहां स्थित आतंकी शिविरों को नष्ट करने के लिए भारत रविवार को की गई कार्रवाई से भी भीषण कार्रवाई करेगा.

(इनपुट भाषा)