नई दिल्ली: भारत के सम्मान और स्वाभिमान पर चोट नहीं पहुंचने देने का भरोसा दिलाते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को कहा कि भारत और चीन वास्तविक नियंत्रण रेखा पर स्थिति को जल्द सुलझाने के लिये सैन्य स्तर और राजनयिक स्तर पर बातचीत कर रहे हैं जिसके अब तक के परिणाम सकारात्मक रहे हैं. ‘‘डिजिटल रैली’’ से भाजपा की महाराष्ट्र जन संवाद रैली को संबोधित कर रहे सिंह ने कहा, ‘‘हम किसी के मान, सम्मान पर न चोट पहुंचाते हैं और न अपने मान, सम्मान और स्वाभिमान पर चोट बर्दाश्त कर सकते हैं. इसलिए विपक्ष को कहता हूं कि भारत-चीन मामले पर हमें ज्यादा समझाने की कोशिश मत कीजिए.’’ Also Read - कांग्रेस का सवाल- भारतीय सेना LAC पर हमारी ही सरजमी से क्यों हट रही है पीछे, क्या पीएम मोदी के शब्दों के मायने नहीं?

लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर भारत और चीन की सेना के बीच जारी गतिरोध पर उन्होंने कहा ‘‘सिंह ने कहा कि भारत-चीन के बीच सीमा को लेकर विवाद लंबे समय से चला आ रहा है. हम भी चाहते हैं कि ये विवाद जल्द सुलझ जाए.’’ रक्षा मंत्री ने कहा, ‘‘भारत और चीन सैन्य और राजनयिक स्तर पर बातचीत कर रहे हैं. अब तक के परिणाम सकारात्मक रहे हैं. बहरहाल, हम विश्वास दिलाना चाहते हैं कि भारत के सम्मान और स्वाभिमान पर चोट नहीं पहुंचने देंगे.’’ Also Read - विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने की अमेरिकी उप विदेशमंत्री से बात, हिंद-प्रशांत, कोविड-19 से निपटने को लेकर हुई चर्चा

राजनाथ सिंह ने ट्वीट कर कहा, “कांग्रेस के कई नेता सवाल पूछ रहे हैं कि भारत चीन सीमा पर क्या हो रहा है? मैं देश की जनता को आश्वस्त करना चाहूँगा कि संसद में इस बारे में विस्तार से जानकारी दूँगा.” Also Read - पैंगोंग झील और डेपसांग से अभी तक पीछे नहीं हटे चीनी सैनिक, जानिए क्या पूरा मामला

उन्होंने कहा, “सीमा को लेकर military और diplomatic स्तर पर चीन के साथ भारत की बातचीत जारी है. छह जून को military के स्तर पर वार्ता हुई है. हम किसी भी देश के मान, सम्मान एवं स्वाभिमान को न चोट पहुँचाते हैं और न ही हम चोट बर्दाश्त करेंगे.”

उन्होंने नरेंद्र मोदी सरकार के कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि आयुष्मान भारत योजना के अन्तर्गत परिवारों को 5 लाख रुपये सालाना तक के मुफ्त इलाज की सुविधा दी गई. उन्होंने कहा ‘‘दुनिया के किसी और देश में इतनी बड़ी स्वास्थ्य सुरक्षा योजना नहीं है.’’

सिंह ने कहा ‘‘सरकार का संकल्प है कि 2022 तक हम किसानों की आमदनी को दोगुना करेंगे. इस संकल्प को हम पूरा करके रहेंगे. आवश्यक वस्तु अधिनियम में संशोधन का प्रस्ताव पारित कर सरकार ने किसानों के साथ बरसों से हो रहा अन्याय खत्म किया है.’’

(इनपुट भाषा)