RBI Governor Economic Package: आर्थिक पैकेज को लेकर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) गवर्नर शक्तिकांत दास (shaktikanta das) की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस की गई. Also Read - दिल्ली में 22000 के पार पहुंचे कोरोना वायरस के मामले, अब तक 556 की मौत

प्रमुख घोषणाएं-

– कोरोना से अर्थव्यवस्था को नुकसान

– ब्याज दरें कम कीं

– रेपो रेट कम किया, बैंकों को कम ब्याज पर लोन मिलेगा

– 4.4 से घटाकर रेपो रेट 4 फीसदी किया

– जाहिर सी बात है कि इससे आपकी ईएमआई भी पहले के मुकाबले कम हो सकती है.

– मार्च में कैपिटल गुड्स के उत्पादन में 36 फीसदी गिरावट

– कंज्यूमर ड्यूरेबल के उत्पादन में 33 फीसदी गिरावट

– औद्योगिक उत्पादन में मार्च में 17 फीसदी गिरावट

– खरीफ की बुवाई में 44 फीसदी की बढ़ोतरी

– रिजर्व बैंक को उम्मीद है कि आखिरी 6 महीनों में अर्थव्यवस्था में सुधार आएगा.

-दालों की महंगाई अगले महीनों में चिंता की बात रहेगी

– इस छमाही में महंगाई रहेगी, लेकिन अगली छमाही में कम हो सकती है

बता दें कि लॉकडाउन में यह दूसरी बार है जब आरबीआई ने रेपो रेट पर कैंची चलाई है. इससे पहले 27 मार्च को आरबीआई गवर्नर ने 0.75 फीसदी कटौती का ऐलान किया था.

गौरतलब है कि कुछ दिन पहले आरबीआई के एक डायरेक्टर सतीश काशीनाथ मराठे ने मोदी के राहत पैकेज पर सवाल उठाए थे.

पीएम मोदी का आर्थिक पैकेज
पीएम नरेंद्र मोदी ने 12 मई को कोरोना से प्रभावित देशवासियों और अर्थव्यवस्था को बचाने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज का ऐलान किया था. इस पैकेज के बारे में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लगातार पांच दिन तक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और अनेक घोषणाएं की थीं.