कोच्चि/नई दिल्ली. लगातार बारिश होने और पेरियार नदी पर बने बांध का फाटक खोले जाने के चलते केरल में जन जीवन अस्त-व्यस्त है. कोचिन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड़डा में पानी घुस जाने के कारण हवाई अड्डा प्रशासन ने वहां से शनिवार तक सभी उड़ानों का परिचालन निलंबित कर दिया और आने-जाने वाले सभी उड़ानों को तिरुवनंतपुरम या कालीकट स्थानांतरित कर दिया. नागर विमान मंत्रालय ने उड़ानों को मुम्बई या अन्य स्थानों पर भेजने के बजाय केरल के अन्य हवाईड्डों का इस्तेमाल करने का राज्य का अनुरोध मान लिया है. बता दें कि राज्य में मरने वालों की संख्या 67 हो गई है. पूरे प्रदेश में रेड अलर्ट जारी कर दिया गया है.

नागर विमानन मंत्री सुरेश प्रभु ने ट्वीट किया, हमने सभी घरेलू और विदेशी एयरलाइनों से कोचिन की अपनी उड़ानों के लिए त्रिवेंद्रम या कालीकट से समय सारणी तय करने को कहा है. अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के संदर्भ में विशेष व्यवस्था की जरुरत होगी जो आपातस्थिति को ध्यान में रखकर मंजूर की गयी है. डीजीसीए समन्वय कायम कर रहा है. राज्य सरकार के इस अनुरोध पर कि छोटे विमानों को कोच्चि में नौसेना के हवाई अड्डे का इस्तेमाल करने की इजाजत दी जाए, मंत्री ने कहा कि मंत्रालय छोटे विमान के लिए वैकल्पिक लैंडिंग स्थानों की संभावना पर गौर कर रहा है.

सीएम ने ली बैठक
इससे पहले केरल के मुख्यमंत्री पिनारयी विजयन ने सचिवालय में आवश्यक बैठक बुलायी थी. उन्होंने अधिकारियों से तिरुवनंतपुरम और कोझिकोड में विमानों से उतरने वाले यात्रियों को राज्य सरकार की बसों से उनके गंतव्यों तक पहुंचाने का इंतजाम करने को कहा. कोचिन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा लिमिटेड (सीआईएएल) ने पहले दोपहर दो बजे तक उड़ानों के परिचालन को निलंबित रखने का फैसला किया था. सीआईएएल ने बाद में एक अन्य परामर्श जारी कर कहा कि शनिवार दोपहर तक उड़ानों के परिचालन को निलंबित रखने का फैसला किया गया है.

पीएम ने सीएम से की बात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केरल में बाढ़ की स्थिति को लेकर मुख्यंमत्री पी विजयन के साथ बातचीत की. मोदी ने उनसे कहा कि केंद्र केरल के साथ पूरी दृढता से खड़ा है और वह किसी भी प्रकार की सहायता देने को तैयार है. प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया, केंद्र केरल के लोगों के साथ दृढ़ता से खड़ा है और वह कोई भी जरुरी सहायता देने को तैयार है.

गृहमंत्री ने भी का बात
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने भी केरल के मुख्यमंत्री से बात की और राज्य में बाढ़ की स्थिति के बारे में जानकारी ली. गृह मंत्री ने दिन भर में दो बार मुख्यमंत्री से बात की. इस दौरान उन्होंने दक्षिणी राज्य में बचाव, राहत और पुनर्वास के कार्यों में केंद्र की ओर से सभी तरह की मदद का आश्वासन दिया. गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि विजयन ने सिंह को राज्य सरकार और केंद्रीय एजेंसियों द्वारा उठाये गए कदमों की जानकारी दी.