नई दिल्ली: पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने देशवासियों से संविधान में निहित न्याय, स्वतंत्रता, समानता और भाईचारे के मूल सिद्धांतों की रक्षा करने और उनके संरक्षण के प्रयास करने का आह्वान किया है. मुखर्जी को शुक्रवार को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न दिए जाने की घोषणा की गई थी. देश के 70वें गणतंत्र दिवस के मौके पर देशवासियों को बधाई देते हुए उन्होंने उनसे संविधान के आदर्शों पर चलने के अपने संकल्प को मजबूत करने का आग्रह किया.

उन्होंने ट्वीटर पर कहा, ‘भारतीय गणतंत्र 70 साल का हो गया है, मैं भारत और विदेश में बसे प्रत्येक भारतीय नागरिक को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देता हूं. इस महान लोकतांत्रिक गणराज्य की नींव हमारे भारतीय संविधान में हमारे राष्ट्र निर्माताओं द्वारा रखी गई थी.’ मुखर्जी ने मध्य दिल्ली में स्थित अपने आवास पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया और वहां तैनात सीआरपीएफ की एक टुकड़ी की सलामी ली.

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उन्होंने कहा, ‘हमारे राष्ट्र निर्माताओं ने इस संबंध में हमारा मार्गदर्शन किया है. आइये, हम अपने सपनों का भारत बनाने के लिए अधिक उत्साह और भावना के साथ आगे बढ़ें. इस गणतंत्र दिवस पर हम संविधान के आदर्शों पर चलने के अपने संकल्प को मजबूत करें.’ सरकार ने शुक्रवार को पूर्व राष्ट्रपति मुखर्जी, प्रसिद्ध संगीतकार-गायक भूपेन हजारिका और आरएसएस से जुड़े नेता एवं समाजसेवी नानाजी देशमुख को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ प्रदान करने की घोषणा की थी.