धर्मशाला: केंद्रीय तिब्बती प्रशासन (सीटीए) ने रविवार को भारत के लोगों को उनके 71वें गणतंत्र दिवस की बधाई दी और धर्मगुरु दलाई लामा को राजनीतिक शरण देने के लिए आभार व्यक्त किया. हिमाचल प्रदेश के इस शहर में सीटीए मुख्यालय में एक समारोह आयोजित किया गया, जिसमें इसके मंत्रियों, सचिवों और वरिष्ठ नेतृत्व की उपस्थिति देखी गई.

भारत के राष्ट्रीय गान की धुन पर भारतीय राष्ट्रीय ध्वज फहराते हुए, धर्म और संस्कृति विभाग के मंत्री कर्मा गेलेक युथोक ने लोगों को बधाई देते हुए कहा, “71 वर्षों के दौरान, भारत ने हर क्षेत्र में अपने बढ़ते विकास और खासकर संपन्न लोकतंत्र और विविधता के लिए दुनिया भर में सराहना पाई है.”

उन्होंने कहा, “इस अवसर पर, मैं तिब्बती स्वतंत्रता संग्राम की व्यवहार्यता और स्थिरता सुनिश्चित करने और समृद्ध प्राचीन संस्कृति और अद्वितीय पहचान के संरक्षण में तिब्बती लोगों के प्रयासों का समर्थन करने के लिए और परम पूज्य दलाई लामा को राजनीतिक शरण देने के लिए भारत के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करता हूं.” उन्होंने तिब्बती बौद्ध परंपरा और संस्कृति को मान्यता देने के लिए भारत सरकार को भी धन्यवाद दिया.

हर साल, लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित निर्वासित सरकार सीटीए भारत के गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस को मनाती है. वर्तमान में भारत लगभग 100,000 तिब्बतियों और सीटीए का घर है.