Republic Day Parade 2021: 26 जनवरी को दिल्ली के राजपथ पर रिपब्लिक डे की परेड होगी. इस बार परेड में शामिल होने, परेड को देखने के नियमों में काफी बदलाव किये गये हैं. कोरोना वायरस के चलते इस बार सिर्फ 25 हज़ार लोग ही इसमें शामिल होंगे. इसके साथ ही सिर्फ उन्हीं लोगों को एंट्री मिलेगी, जिनके पास टिकट होंगे या इनविटेशन कार्ड होगा.Also Read - महात्मा गांधी के पसंदीदा स्तुति गीत ‘अबाइड विद मी’ की धुन को ‘बीटिंग रिट्रीट’ समारोह से हटाया गया

गणतंत्र दिवस समारोह से पहले दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने परामर्श जारी किया है जिसमें कहा है कि राजपथ पर लोगों को परेड देखने की इजाजत तभी मिलेगी जब उनके पास आमंत्रण-पत्र या टिकट होगा. इस व्यवस्था का सख्ती से पालन किया जाएगा. Also Read - Republic Day से पहले आतंकी हमले की खुफिया सूचनाओं के बीच Delhi-NCR में अलर्ट जारी, इन गतिविधियों पर रोक

इसमें पुलिस ने यह भी कहा कि कार्यक्रम में 15 वर्ष से कम आयुवर्ग के लोगों को शामिल होने की इजाजत नहीं होगी. दिल्ली पुलिस की ओर से ट्वीट किया गया, ‘‘इस वर्ष, गणतंत्र दिवस परेड देखने के लिये प्रवेश आमंत्रण पत्र अथवा टिकट से ही मिलेगा (How To Buy Republic Day Parade Ticket) और इस व्यवस्था का सख्ती से पालन किया जाएगा. जिनके पास आमंत्रण पत्र/टिकट नहीं है उन्हें सलाह दी जाती है कि वे घर पर ही सीधा प्रसारण (Republic Day Parade Live Telecast) देखें. 15 वर्ष से कम आयु वर्ग के लोगों को राजपथ ( Parade on Rajpath) पर परेड देखने के लिए आने की इजाजत नहीं है.’’ Also Read - Republic Day 2022: इतिहास में पहली बार, आधा घंटा देरी से शुरू होगी गणतंत्र दिवस परेड | जानिए वजह

पुलिस ने कहा कि इस वर्ष कार्यक्रम में निर्बाध प्रवेश नहीं दिया जाएगा. गणतंत्र दिवस के मद्देनजर राष्ट्रीय राजधानी में जमीन से लेकर आसमान तक अभूतपूर्व सुरक्षा बंदोबस्त किया गया है. यहां हजारों सुरक्षाकर्मी तैनात किए गए हैं तथा शहर के व्यस्त बाजार एवं इलाकों में गश्त बढ़ा दी गई है. किसान संगठनों की प्रस्तावित ट्रैक्टर परेड के मद्देनजर सीमावर्ती इलाकों में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. राजपथ पर गणतंत्र दिवस समारोह के लिये लगाई जाने वाली कुर्सियों को भी सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करते हुए लगाया जाएगा. इस बार परेड देखने वालों की संख्या में भी कटौती करते हुई इसे 25 हजार तक सीमित किया गया है जबकि पिछली बार यहां करीब सवा लाख लोगों के लिये व्यवस्था थी.