पटना। राष्ट्रीयजनता दल के साथ ही लालू प्रसाद और उनके परिवार से नजदीकी बढ़ने का साफ संकेत देने वाले असंतुष्ट भाजपा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा को तेजस्वी यादव की ओर पार्टी में शामिल होने के लिए एक तरह से खुला आमंत्रण मिला है. शत्रुघ्न सिन्हा भाजपा की सहयोगी जेडीयू की ओर से कल यहां आयोजित इफ्तार में शामिल होने की बजाय आरजेडी नेता तेजस्वी यादव की ओर से आयोजित इफ्तार में शामिल हुए थे. तेजस्वी ने कहा, हम पहले ही कह चुके हैं कि वह बिहार का गौरव हैं.वह लंबे समय से पटना साहिब से चुनाव जीतते रहे हैं. अगर वह आरजेडी ज्वाइन करते हैं तो हम इसका स्वागत करेंगे.

शत्रुघ्न ने कहा, सियासी अर्थ ना निकालें

हालांकि शत्रुघ्न सिन्हा ने इस बात पर जोर दिया कि पारिवारिक मित्रों के बीच उनकी मौजूदगी से कोई राजनीतिक अर्थ नहीं निकाला जाए लेकिन इस कार्यक्रम ने उनके भविष्य के राजनीतिक कदम का संकेत दिया. मीडिया की खबरों में भी इसका संकेत दिया गया था कि सिन्हा पटना साहिब सीट से अगला लोकसभा चुनाव किसी अन्य पार्टी से लड़ सकते हैं. शत्रुघ्न सिन्हा के भाजपा के साथ संबंध काफी तनावपूर्ण हो गए हैं.

आरजेडी में जाने के सवाल पर ये कहा

बुधवार रात यहां आयोजित इफ्तार पार्टी में जब तेजस्वी से सिन्हा के आरजेडी में शामिल होने के बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि कौन सी ऐसी पार्टी होगी जो शत्रुघ्न सिन्हा को अपनी ओर नहीं चाहेगी. वह बिहार के गौरव हैं. तेजस्वी की यह टिप्पणी महत्व रखती है जो कि अपने पिता लालू की गैरमौजूदगी में आरजेडी का कामकाज देख रहे हैं.

पटना साहिब से ही लड़ने का ऐलान

शत्रुघ्न सिन्हा ने साफ किया है कि वह 2019 का लोकसभा चुनाव पटना साहिब सीट से ही फिर से लड़ेंगे. बता दें कि लंबे समय से शत्रुघ्न की बीजेपी हाईकमान से नाराजगी है. मोदी सरकार के गठन के समय से ही वह अपनी नाराजगी खुलकर जाहिर करते रहे हैं. उन्होंने हर मौके पर सरकार और बीजेपी विरोधी आवाजों के साथ सुर मिलाया है. कई बार उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी को भी खुली नसीहत दी है. बीजेपी से असंतुष्ट चल रहे वरिष्ठ नेता यशवंत सिन्हा का भी वह खुलकर समर्थन करते हैं और एक मंच पर नजर आ चुके हैं.