नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की दिल्ली इकाई ने केजरीवाल सरकार और बिजली कंपनियों पर 1131 करोड़ रुपए के घोटाले का आरोप लगाया है. प्रदेश अध्यक्ष आदेश कुमार गुप्ता ने सोमवार को कहा कि लॉकडाउन के दौरान सब्सिडी और फिक्स चार्ज के नाम पर दिल्ली सरकार ने बिजली कंपनियों के साथ मिलकर यह घोटाला किया है. Also Read - Earthquake in Delhi: दिल्ली-NCR में भूकंप के झटकों से कांपी धरती, रिएक्टर स्केल पर 4.7 मापी गई तीव्रता

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष ने प्रेस कांफ्रेंस कर आरोप लगाया कि लॉकडाउन में 2 लाख छोटी व बड़ी इंडस्ट्रीज बंद होने के बाद भी फिक्स चार्ज व एवरेज बिल के नाम पर भारी भरकम बिल वसूला जा रहा है. दिल्ली में सात लाख से अधिक दुकान व ऑफिस हैं. इन सभी को भी फिक्स चार्ज के नाम पर भारी भरकम बिजली बिल थमा दिया गया है. Also Read - 'सत्ताधारियों और अपराधियों' की मिलीभगत का खामियाजा कर्तव्यनिष्ठ पुलिसकर्मियों को भुगतना पड़ रहा है' : अखिलेश यादव

उन्होंने कहा, “उपभोक्ताओं को लगभग 94 दिनों के बिजली बिल भेजे जा रहे हैं, जिसमें सब्सिडी भी नहीं दी गई. केजरीवाल सरकार की चुप्पी बता रही कि बिजली कंपनियों ने उनकी सहमति से भारी-भरकम बिल भेजा.” Also Read - Delhi Coronavirus News 2 July 2020: दिल्ली में प्लाज्मा बैंक शुरू, जानिए कौन लोग दान कर सकते हैं प्लाज्मा

आदेश कुमार गुप्ता ने कहा कि दिल्ली भाजपा ने जन सेवा के कार्यो को सदैव सर्वोपरि रखा है और यह कार्य संकट के समय में भी निरंतर जारी है. लेकिन केजरीवाल सरकार को कहना चाहूंगा कि यह क्रेडिट की लड़ाई नहीं है बल्कि दिल्ली के लोगों की सुरक्षा और सेवा का सवाल है और मोदी सरकार के लिए लोगों की सुरक्षा प्राथमिक है. प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जब दिल्ली के लोग इलाज और टेस्टिंग के लिए दर-दर भटक रहे थे तब केजरीवाल प्रेस कॉन्फ्रेंस में व्यस्त थे. इस कोरोना संकट में भाजपा दिल्ली की जनता के साथ पूरी दृढ़ता के साथ खड़ी है.