नई दिल्ली. अयोध्या में विश्व हिंदू परिषद द्वारा रविवार को आयोजित धर्मसभा, शिवसेना द्वारा केंद्र सरकार से राम मंदिर निर्माण की तारीख बताने की मांगों के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख मोहन भागवत ने एक बार फिर राम मंदिर के निर्माण में हो रही देरी को लेकर सवाल उठाया है. नागपुर में आयोजित हुंकार सभा में संघ प्रमुख ने कहा कि राम मंदिर निर्माण का मसला सुप्रीम कोर्ट की प्राथमिकता में नहीं है. इसलिए इस मामले में फैसला आने में देरी हो रही है. ऐसे में केंद्र सरकार को मंदिर निर्माण के बारे में गंभीरता से विचार करना चाहिए. हुंकार सभा में संघ प्रमुख ने न्यायालय के फैसले में देरी को लेकर कहा- Justice delayed is justice denied, यानी इंसाफ में देरी से न्याय नहीं मिल पाता है.

अदालत को जल्द फैसला देना चाहिए
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख ने नागपुर की सभा में अदालत में इस मामले की सुनवाई में हो रही देरी को लेकर भी सवाल उठाया. उन्होंने कहा, ‘यह मामला अदालत में चल रहा है, इसका निर्णय जल्द दिया जाना चाहिए. यह प्रमाणित हो चुका है कि मंदिर वहां था. सुप्रीम कोर्ट इस मामले को प्राथमिकता नहीं दे रहा है. न्याय में देरी को इंसाफ मिलना नहीं कहा जाता.’ संघ प्रमुख ने अपने भाषण में केंद्र सरकार से इस मामले को लेकर कानून बनाने का आग्रह किया. मोहन भागवत ने अपने संबोधन में कहा, ‘अगर किसी कारण, अपनी व्यस्तता के कारण या पता नहीं अपने समाज की संवेदना को न जानने के कारण न्यायालय की प्राथमिकता नहीं है, तो सरकार सोचे कि मंदिर को बनाने के लिए कानून कैसे आ सकता है और शीघ्र इस कानून को लाए. यही उचित है.’

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अयोध्या में धर्मसभा से पहले तनाव की स्थिति
एक तरफ जहां हिंदूवादी संगठन और राजनीतिक दल राम मंदिर के जल्द से जल्द निर्माण को लेकर अभियान चला रहे हैं, वहीं दूसरी ओर इस कारण से अयोध्या शहर में तनाव की स्थिति बनी हुई है. विश्व हिंदू परिषद द्वारा रविवार को आयोजित ‘धर्म सभा’ से पहले अयोध्या एक सुरक्षा किले में तब्दील हो गया है, जहां प्रमुख हिंदू संतों द्वारा एक विशाल राम मंदिर के निर्माण के लिए अपना रुख और रणनीति तैयार करने की संभावना है. इस धर्मसभा के मद्देनजर उत्तर प्रदेश प्रशासन ने शहर में पुख्ता इंतजाम कर रखे हैं. शहर में निषेधाज्ञा लागू है और जगह-जगह भारी संख्या में पुलिस के जवानों की तैनाती की गई है. किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए सड़कों पर बैरिकैडिंग की गई है.