नई दिल्ली. मुंबई 26/11 के हमलों में पाकिस्तानी आतंकवादियों की गोलियों का शिकार हुए शहीद हेमंत करकरे को लेकर एक बार फिर विवादित बयान दिया गया है. इस बार यह बयान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के वरिष्ठ नेता इंद्रेश कुमार (Indresh Kumar) ने दिया है. इंद्रेश कुमार ने शनिवार को भोपाल में कहा कि मुंबई आतंकी हमलों में शहीद हुए पुलिस अधिकारी हेमंत करकरे (Hemant Karkare) का बतौर शहीद सम्मान तो किया जा सकता है, लेकिन प्रज्ञा सिंह ठाकुर (Pragya Singh Thakur) के साथ उन्होंने जो अत्याचार किया, उसे सही नहीं ठहराया जा सकता. कुमार ने कहा कि महाराष्ट्र के पूर्व एटीएस चीफ ने जिस तरह की अमानवीयता की, उसके बाद भी प्रज्ञा ठाकुर ने उनको लेकर दिया गया बयान बदल लिया, यह बड़ी बात है. Also Read - लॉकडाउन में RSS ने मदद के लिए बढ़ाए हाथ, शिविर लगाकर लोगों में बांटे राहत सामग्री

आरएसएस नेता इंद्रेश कुमार ने शहीद हेमंत करकरे को लेकर दिए गए बयान के जरिए तत्कालीन कांग्रेस सरकार पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा कि तत्कालीन सरकार ने सुरक्षा एजेंसियों का बेजा इस्तेमाल किया. शहीद हेमंत करकरे को लेकर दिए अपने बयान में इंद्रेश कुमार ने कहा है, ‘महाराष्ट्र के पूर्व एटीएस प्रमुख आतंकवादियों की गोलियों से मारे गए, इस नाते वह शहीद हैं और उनका सम्मान होना चाहिए. हालांकि तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने जिस तरह भगवा आतंकवाद के नाम पर सुरक्षा एजेंसियों का बेजा इस्तेमाल कर एक महिला (भोपाल सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर) को प्रताड़ित किया, यह भी गौर किया जाना चाहिए.’ इंद्रेश कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि शहीद हेमंत करकरे ने प्रज्ञा सिंह ठाकुर को टॉर्चर किया. Also Read - कोरोना वायरस के खतरे के मद्देनजर जनता कर्फ्यू में योगदान दें स्वयंसेवक: आरएसएस

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ नेता ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा, ‘हेमंत करकरे ने प्रज्ञा सिंह ठाकुर को टॉर्चर किया. उनके साथ अमानवीयता से पेश आए, फिर भी प्रज्ञा ने मानवता दिखाई. प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने हेमंत करकरे के खिलाफ बयान दिया, लेकिन बाद में उसमें बदलाव कर लिया. यह प्रज्ञा ठाकुर की मानवता को दिखाता है.’

आपको बता दें कि लोकसभा चुनाव के समय भोपाल से भाजपा उम्मीदवार प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने शहीद हेमंत करकरे को लेकर विवादित बयान दिया था. अब सांसद बन चुकी प्रज्ञा ठाकुर ने दावा किया था कि महाराष्ट्र के पूर्व एटीएस प्रमुख हेमंत करकरे ने उस समय अत्याचार किया था, जब वह उनकी हिरासत में थीं. प्रज्ञा ठाकुर ने यह भी कहा था कि वर्ष 2008 में मुंबई आतंकी हमले के दौरान उनके ‘श्राप’ के कारण उसकी मौत हो गई थी. दरअसल, शहीद हेमंत करकरे ने मालेगांव बम धमाकों के मामले में प्रज्ञा सिंह ठाकुर को गिरफ्तार किया था. इस मामले को लेकर सांसद प्रज्ञा ठाकुर के खिलाफ अब भी मुकदमा चल रहा है.