श्रीनगर। दिग्गज क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर ने संसद से जाते-जाते छात्रों को बड़ा तोहफा दिया है. तेंदुलकर ने सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास (एमपीलैड) कोष से जम्मू कश्मीर के कुपवाड़ा जिले के स्कूल की इमारत निर्माण के लिए 40 लाख रुपये दिये हैं. इस क्षेत्र के इकलौते स्कूल इंपीरियल एजुकेशनल इंस्टीट्यूट दुर्गमुल्ला का निर्माण 2007 में हुआ था. इसमें कक्षा एक से 10 तक लगभग 1000 छात्र पढ़ते हैं. Also Read - IPL 2020: किंग्स इलेवन पंजाब के इस फैसले से हैरान हैं सचिन तेंदुलकर, बोले- इस खिलाड़ी को बाहर क्यों रखा?

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राज्य सभा सदस्य तेंदुलकर के कोष से यहां 10 कक्षाओं, चार प्रयोगशाला, प्रशासनिक ब्लॉक, छह प्रसाधन और एक प्रार्थना हाल का निर्माण किया जाएगा. इससे पहले तेंदुलकर ने दक्षिण मुंबई के एक स्कूल के उन्नयन और कक्षाओं के निर्माण के लिए कोष दिया था. एमपीलैड कोष से तेंदुलकर देश के विभिन्न हिस्सों में स्कूल और शैक्षिक संस्थानों से जुड़ी20 परियोजनाओं में7.4 करोड़ रुपये की राशि दे चुके हैं. Also Read - गूगल ने सचिन तेंदुलकर की बेटी सारा को बताया इस क्रिकेटर की पत्नी, जानिए बड़ा मजेदार है यह मामला

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साल 2012 में पहुंचे थे राज्यसभा

खेल में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सचिन तेंदुलकर साल 2012 में राज्यसभा पहुंचे थे. 6 साल के उनके कार्यकाल के दौरान सदन में उनकी उपस्थिति को लेकर हमेशा सवाल खड़े हुए. आलोचकों का कहना है कि वह सदन में न तो मौजूद रहते हैं और न ही खेल और खिलाड़ियों से जुड़े सवाल उठाते हैं. ऐसे में सदन में उनकी मौजूदगी फायदेमंद नहीं है.

हंगामे की भेंट चढ़ा था भाषण

बता दें कि पिछले साल 21 दिसंबर को वह राज्यसभा में अपना पहला भाषण देने वाले थे. ‘राइट टु प्ले’ पर बोलने के लिए उन्होंने सभापति से समय मांगा था. लेकिन  उसी दौरान गुजरात चुनाव में प्रधानमंत्री के बयान पर सदन में हंगामा चल रहा था. ऐसे में सचिन का भाषण हंगामे की भेट चढ़ गया और वह अपनी बात नहीं रख पाए. इसके बाद सचिन ने अपना पूरा भाषण रिकॉर्ड करके सोशल साइट्स पर डाला था.