नई दिल्ली:  दिवंगत नेता अरुण जेटली की पत्नी ने उन्हें मिलने वाली पेंशन को लेने से मना कर दिया है. उन्होंने राज्यसभा के उपसभापति एम वेंकैया नायडू को एक पत्र लिखा है. पत्र में उन्होंने लिखा है कि अरुण जेटली को मिलने वाली पेंशन उन कर्मचारियों को दे दी जाए जिनकी तनख्वाह काफी कम है. अरुण जेटली की पत्नी संगीता जेटली ने वेंकैया नायडू को पत्र लिखा,’मैं संसद से अनुरोध करती हूं कि वह अरुण जेटली के परिवार को मिलने वाली पेंशन को उस संस्थान के जरूरतमंद लोगों को दान की जाए जिसकी अरुण जेटली ने दो दशकों तक सेवा की है.’

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उन्होंने अरुण जेटली की पेंशन को राज्यसभा के चौथी श्रेणी के कर्मचारियों को देने का आग्रह किया. इसके साथ ही संगीता जेटली ने पत्र में लिखा , ‘मुझे पूरा विश्वास है कि अरुण की भी यही इच्छा होती.’ इस पत्र की एक कॉपी प्रधानमंत्री के पास भेजी गई है.

गौरतलब है कि भापजा के दिग्गज नेता अरुण जेटली ने 66 वर्ष की आयु में दिल्ली के एम्स अस्पताल में 24 अगस्त को अंतिम सांसें ली थी. पत्र में संगीता जेटली ने आगे लिखा, ‘अरुण हमेशा से परोपकारी रहे हैं. अपने कानूनी पेशे या राजनीति में उन्होंने जो भी सफलता हासिल की उनका मानना था कि यह उन्हें गुरु, सहयोगियों के समर्थन और दोस्तों, रिश्तेदारों की शुभकामनाओं के कारण मिली है. वह हमेशा जरुरत के समय हर किसी की मदद के लिए खड़े रहे.’