चेन्नई: तमिलनाडु के विल्लुपुरम जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. सोमवार को कथित तौर पर सत्ताधारी एआईएडीएमके के दो सदस्यों ने 14 वर्षीय एक स्कूली छात्रा को आग के हवाले कर दिया, जिससे छात्रा का 95 प्रतिशत शरीर झुलसने से उसकी मौत हो गई. डीएमके के अध्यक्ष एम.के. स्टालिन ने सोमवार को दोनों आरोपियों को त्वरित और कड़ी सजा देने की मांग करते हुए हुए दावा किया कि दोनों आरोपियों ने जयश्री के हाथ, पैर बांधकर और उसके मुंह को कपड़े से बांधकर आग के हवाले कर दिया. Also Read - देश में दूसरे नंबर पर है कोरोना के मामलों में ये राज्‍य, कुल संक्रमित 17 हजार के पार

थिरुवेनैनल्लुर के पास सिरुमदुरई कॉलोनी में रविवार को यह अपराध तब हुआ जब लड़की अपने घर पर अकेली थी. आरोपियों ने कहा कि उसके पिता जयपाल के साथ उसकी पुरानी दुश्मनी होने के कारण ऐसा किया. स्टालिन ने कहा कि आग से लड़की 95 प्रतिशत जल गई, उसको फौरन सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. मृतक के परिवार वालों ने एआईएडीएमके के दो सदस्यों पर इस वारदात को अंजाम देने का आरोप लगाया है. Also Read - तमिलनाडु में Coronavirus के केस 15,000 के पार, मृतकों की संख्या 100 से ज्‍यादा

स्टालिन के अनुसार, एआईएडीएमके के सदस्यों द्वारा छात्रा को जिंदा जलाने का यह दूसरा मामला है. इससे पहले साल 2000 में एआईएडीएमके के सदस्यों द्वारा धर्मपुरी में एक बस में आग लगा दी गई थी, जिसमें तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले तीन छात्राएं जिंदा जल गई थीं. स्टालिन ने पुलिस से निष्पक्ष जांच करने और दोषियों को सख्त सजा दिया जाना सुनिश्चित करने का आग्रह किया. Also Read - रुपयों से भरी थाली लेकर कलेक्‍टर के पास पहुंचा भिखारी, कोराना राहत फंड में दान किए हजारों रुपए