Schools Reopen News: कोरोना महामारी के कारण प्रदेश में 19 महीने से बंद पड़े छोटे बच्चों के स्कूल अब 21 सितंबर को खुल रहे हैं. राज्य सरकार ने पहली से पांचवी तक के छात्र-छात्राओं के लिए दोबारा स्कूल खोलने की इजाजत दे दी है. प्रदेश के निजी व सरकारी दोनों ही स्कूलों ने सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है. बंद पड़े निजी-सरकारी स्कूलों का कहना है कि सरकार जो भी गाइडलाइन जारी करेगी उसका पूरा पालन करते हुए स्कूलों में छोटे बच्चों की पढ़ाई करवाई जाएगी. बच्चों के स्कूल आने के लिए अभिभावकों की सहमति जरूर ली जाएगी.Also Read - Tamil Nadu Lockdown-Unlock: दिवाली से पहले 100% अनलॉक हुआ तमिलनाडु, पूरी क्षमता के साथ खुलेंगे सिनेमा हॉल-स्कूल

करीब डेढ़ वर्ष से सभी राज्यों में स्कूलों को बंद कर दिया गया था. उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण कम होने के बाद पिछले वर्ष नवंबर महीने में नौवीं से 12वीं और इस वर्ष फरवरी में छठी से आठवीं तक के लिए स्कूल खुले थे. लेकिन, अप्रैल महीने में कोरोना की दूसरी लहर आने के बाद एक दफा फिर स्कूल बंद हो गए थे. दूसरी लहर में संक्रमण कम होने के बाद इस वर्ष दो अगस्त से नौवीं से 12वीं व 16 अगस्त से छठी से आठवीं तक के स्कूल खुल चुके हैं. Also Read - Maharashtra Schools Reopen: महाराष्ट्र के शहरों में आज से खुल गए 8वीं से 12वीं के स्कूल, गांवो में लगेगी 5वीं तक की क्लास, जानिए

बता दें कि देहरादून को छोड़कर उत्तराखंड के बाकी जिलों में 90 फीसद तक छात्र स्कूल आकर ही पढ़ाई कर रहे हैं. हालांकि जो छात्र स्कूल नहीं पहुंच रहे, उनके लिए आनलाइन पढ़ाई का विकल्प खुला है. गुरुवार को शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साथ हुई एक बैठक के बाद 21 सितंबर से पहली से पांचवी तक के छात्रों के लिए भी स्कूल खोलने पर सहमति जताई है. Also Read - DDMA का बड़ा फैसला-दिल्ली में अभी नहीं खुलेंगे आठवीं क्लास तक के स्कूल, जानिए कब खुलेंगे

ये है छोटे बच्चों के लिए गाइडलाइन

उत्तराखंड स्कूली शिक्षा विभाग द्वारा शनिवार को जारी आदेश के मुताबिक दिन में बस तीन घंटे के लिए कक्षाएं लगेंगी.

बच्चों को विद्यालय में खाने-पीने की चीजें लाने की अनुमति नहीं होगी.

बच्चों के लिए ऑनलाइन शिक्षण का विकल्प भी उपलब्ध होगा.

स्कूल प्रशासन को कक्षाओं, कार्यालयों, पुस्तकालयों, शौचालयों समेत पूरे परिसर की उपयुक्त साफ-सफाई सुनिश्चित करना होगा.

सभी के लिए मास्क लगाना अनिवार्य होगा.

बच्चों को स्कूल आने के लिए माता-पिता या अभिभावक की अनुमति जरूरी है.

स्कूलों में बच्चों पर ज्यादा ध्यान देना होगा.