मथुरा| उत्तर प्रदेश के दुग्ध विकास एवं धर्मार्थ कार्य मंत्री चौ. लक्ष्मीनारायण के रिश्तेदार सरमन सिंह की हत्या के लिए 10 लाख रुपए की सुपारी दी गयी थी. इस मामले में दो बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है. वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वप्निल ममगाई ने बताया, थाना छाता के गौहारी निवासी पूर्व प्रधान सरमन सिंह को जान से मारने के लिए उनके दुशमनों ने भाड़े के हत्यारे से यह सौदा 10 लाख रुपए में किया था. Also Read - कैराना-नूरपुर की हार पर बोले मंत्रीजी, 'हमारे वोटर तो बच्‍चों संग गर्मी की छुट्टियां मनाने गए थे'

उन्होंने बताया, मंगलवार शाम मुठभेड़ में सतेंद्र फौजी गैंग के सदस्य रहे अशोक सिंह और मुख्य अभियुक्तों में से एक राधाचरण के छोटे बेटे प्रदीप को दबोच लिया. उसने भी पुलिस को कई अहम जानकारियां दी हैं. उन्होंने बताया, बदमाशों ने पूर्व प्रधान को मारने के लिए दो माह पहले से योजना बनानी शुरु की थी जिसे शनिवार को अंजाम दिया गया. Also Read - up cabinate minister laxmi narayan chaudhary statement over ram mandir | योगी सरकार के मंत्री बोले- अयोध्या में नहीं तो क्या न्यूयॉर्क में बनेगा राम मंदिर

मामले की जांच में कुल सात लोगों के शामिल होने की जानकारी मिली है. इसमें राधाचरण के साथ कर्मवीर साजिश तैयार करने वाले थे. राधाचरण के दो पुत्र धर्मवीर एवं प्रदीप, शार्प शूटर अशोक, उसका साथी मनोज सिंह एवं रतीराम शामिल हैं. उन्होंने बताया, यह हत्या पूरी तरह से पुरानी रंजिश निकालने के लिए की गई थी. दोनों पक्षों में 27 साल से विवाद चला आ रहा है.

उन्होंने बताया, कर्मवीर एक मामले में वांछित था. इसलिए वह साजिश के तहत 15 दिन पूर्व खुद ही अदालत में समर्पण कर जेल चला गया था. चार अन्य को भी जल्द ही पकड़ लिया जाएगा. ममगाई ने मामले का खुलासा करने वाली थाना छाता क्षेत्र की टीम एवं जिले की स्वाट टीम को 20 हजार रुपए का नकद ईनाम दिए जाने की संस्तुति की है.