मुंबईः महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने अपने चचेरे भाई और मनसे प्रमुख राज ठाकरे पर निशाना साधते हुए रविवार को कहा कि शिवसेना को अपना हिन्दुत्व साबित करने के लिए झंडा बदलने की जरुरत नहीं है. गौरतलब है कि राज ठाकरे आजकल अपनी हिन्दुत्व की राजनीति में नयी जान फूंकने के प्रयास में जुटे हैं. गौरतलब है रविवार को राज ठाकरे ने मुंबई में महामार्च निकाला था. Also Read - Covid-19: महाराष्‍ट्र में कोरोना के 54,022 नए केस, 898 लोगों की मौत, दिल्‍ली में 341 मरीजों की सांसें छिनी

उद्धव ने यह भी कहा कि भाजपा हिन्दुत्व की ‘‘झंडाबरदार’’ नहीं है. मुख्यमंत्री ने अपने आवास पर पार्टी विधायकों और जिलाध्यक्षों की बैठक में उक्त बात कही. शिवसेना के एक पदाधिकारी के अनुसार बैठक में संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के संबंध में एक सवाल के जवाब में उद्धव ठाकरे ने कहा, ‘‘मुझे मेरे हिन्दुत्व को साबित करने की जरुरत नहीं है, क्योंकि यह दिवंगत बालासाहेब का हिन्दुत्व है. यह शुद्ध है. मैंने अपनी पार्टी का झंडा नहीं बदला है. एक व्यक्ति, एक झंडा.. यह तय है. दुनिया को हमारे हिन्दुत्व का ज्ञान है.’’ Also Read - भारतीय रेलवे ने चलाई देश की पहली मिल्क एक्सप्रेस ट्रेन, दिल्ली में अब नहीं होगी दूध के लिए परेशानी

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महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के बाद से जब से शिवसेना ने भाजपा से रिश्ते खत्म करके विरोधियों के साथ मिलकर राज्य में सरकार बनाई है तब से पार्टी की हिदुत्व वाली साख धूमिल हुुई है और इस कदम से पार्टी के कट्टर हिंदू वादी जनमानस कहीं न कहीं खफा भी है. खुद सीएम को इस बात एहसास है इसलिए उन्होंने एक मौके पर यह कहा था कि राजनीतिक दोस्त बदले हैं लेकिन मेरी हिंदु्त्व की धारणा नहीं बदली.

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना प्रमुख अब हिंदुत्व को लेकर अपनी आवाज बुंलंद करने में लगे हुए हैं वे इसे राज्य में अपने आप को राजनीतिक रूप से विकसित करने का मौक भी समझ रहे  हैं जिसे वे भुनाना चाहते हैं. रविवार की रैली में उन्होंने सरकार से देश में पाकिस्तान और बांग्लादेश से आए मुस्लिम घुसपैठिओं को बाहर करने की भी मांग की.