नई दिल्‍ली: दिल्ली के शाहीन बाग में संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन स्थल पर हथियार लेकर पहुंचने वाले शख्‍स लुकमान चौधरी ने इस वाकये पर बुधवार को बयान दिया है. लुकमान चौधरी ने बताया, मैं शाहीन बाग में पिछले 30 सालों से रह रहा हूं, मैं प्रदर्शनकारियों से रोड खुला करने के लिए कहने गया था. मैं अपनी गन हमेशा अपने साथ रखता हूं, किसी ने इसे देख लिया और इसे बाहर निकाल लिया. मैं नहीं जानता था कि वह कौन था. Also Read - Farm Laws issue: दिल्‍ली में किसान नेताओं और केंद्र सरकार के मंत्र‍ियों के बीच 11वें दौर की मीटिंग जारी

बता दें कि खबर सामने आई थी कि मंगलवार को प्रदर्शन स्थल पर एक व्यक्ति हथियार लेकर पहुंच गया और आंदोलनकारियों को धमकी दी. वहां के मौजूद लोगों ने उस व्‍यक्ति पर आरोप लगाया था कि शख्स ने किसी राजनीतिक पार्टी से जुड़े होने का दावा किया. Also Read - कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक शुरू, नए अध्यक्ष के चुनाव को लेकर हो सकता है फैसला

स्थानीय निवासी और प्रदर्शनकारी सैयद तासीर अहमद ने बताया था कि एक व्यक्ति दोपहर तीन बजे मंच पर चढ़ गया और लोगों को आंदोलन खत्म करने की धमकी देने लगा. उसने किसी राजनीतिक पार्टी से जुड़े होने का दावा किया है. बहरहाल, अन्य प्रदर्शनकारियों ने उस पर काबू पा लिया और उसे प्रदर्शन स्थल से दूर ले गए. Also Read - Delhi के ITO इलाके की एक बिल्डिंग में लगी आग, दमकल की गाड़ियां बुझाने में जुटी

शाहीन बाग में सीएए के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन मुख्य तौर पर महिलाएं कर रही हैं. इस प्रदर्शन में हर रोज हजारों की तादाद में समर्थकों का जमावड़ा लग रहा है. शाहीन बाग ऑफिशियल नाम के ट्विटर हैंडल पर मंगलवार की शाम को छह बजे पोस्ट किया गया था, ”शाहीन बाग से एक आधिकारिक और तत्काल अपील: हथियारबंद असामाजिक तत्वों ने प्रदर्शन क्षेत्र में प्रवेश कर लिया है.

हमें डर है कि दक्षिणपंथी समूह के और सदस्य प्रवेश कर सकते हैं और हमला कर सकते हैं. हम सभी से प्रदर्शन में शामिल होकर, तादाद बढ़ाने और किसी भी हिंसा को रोकने की अपील करते हैं.”

शाम 6.21 बजे इस पर ट्वीट किया गया था, ”घुसपैठियों को पकड़ लिया गया है और काबू कर लिया गया है तथा स्थिति सामान्य हो गई है. दिल्ली में चुनाव के नज़दीक आने के मद्देनज़र हम आज और आने वाले दिनों में इस तरह की घटनाओं को लेकर सतर्क हैं. कृपया पूरी दिल्ली से बड़ी संख्या में शाहीनबाग और स्थल पहुंचिए.”