नई दिल्ली, 19 अप्रैल | भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली केंद्र की राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार पर आरोप लगाते हुए कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने रविवार को यहां कहा कि उनकी पार्टी सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज उठाना जारी रखेगी। यहां रामलीला मैदान में किसान-खेत मजदूर रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मोदी सरकार को देश के गरीबों और किसानों की चिंता नहीं है।  यह भी पढ़ें– बर्बाद फसलों के खरीद नियमों में ढील दी जाए : सोनिया

सोनिया ने कहा कि देश के किसान और मजदूर परेशानी में हैं और सरकार को इसकी कोई चिंता नहीं है। उन्होंने कहा, “वे लोग कहां गए जो केंद्र में सरकार बनाने के बाद कहते थे कि अब कोई भी किसान आत्महत्या नहीं करेगा।” सोनिया ने कहा कि संप्रग (संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन) सरकार के दौरान किसानों की उपज की खरीद कीमतें अक्सर बढ़ा दी जाती थीं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने उनके (किसानों) लिए कुछ नहीं किया है।

उन्होंने आरोप लगाया, “उनकी उपज की कीमतों में मामूली वृद्धि की गई है।” कांग्रेस अध्यक्ष ने भूमि अधिगृहण विधेयक 2013 का मुद्दा उठाया और कहा कि जब यह कानून बनाया गया था तो भाजपा ने भी इसका समर्थन किया था।  उन्होंने कहा कि अब वे इसमें बदलाव कर रहे हैं, जो किसानों के हित में नहीं है। कांग्रेस पार्टी ऐसा नहीं होने देगी।
सोनिया ने आरोप लगाया, “मैं पूछना चाहती हूं कि ये बदलाव क्यों किए जा रहे हैं। इसमें पहले से ही सभी प्रावधान हैं..वे (मोदी सरकार) आपकी जमीन अधिग्रहित करना चाहते हैं चाहे आप उसे बेचना चाहते हों या नहीं।”

उन्होंने मोदी सरकार पर जनता से खोखले वादे करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, जनता समझ चुकी है कि आपने उनसे खोखले वादे किए थे।  कांग्रेस अध्यक्ष ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया और कहा कि वह कर्ज में दबे किसानों की जिंदगी बचाने के लिए कुछ नहीं कर रही है।  उन्होंने कहा, “किसान कर्ज तले दबे हुए हैं तथा आत्महत्या कर रहे हैं, लेकिन यह सरकार उनके लिए कुछ नहीं कर रही है।

इससे पहले दो माह के अवकाश से लौटे कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने रैली को संबोधित किया। पिछले साल के आम चुनाव में करारी हाल झेलने वाली कांग्रेस की इस रैली को पुनरुत्थान के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।