नई दिल्‍ली: कांग्रेस की सीनियर नेता व यूपीए अध्‍यक्ष सोनिया गांधी, बीजेपी के सीनियर नेता लाल कृष्‍ण आडवाणी, सुषमा स्‍वराज समेत कई नेताओं ने रविवार को दिल्‍ली की दिवंगत मुख्‍यमंत्री शीला दीक्ष‍ित के पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन किए और भावपूर्ण श्रद्धांजलि व्‍यक्‍त की है. पूर्व सीएम दीक्ष‍ित का अंतिम संस्‍कार आज रविवार को लगभग दोपहर ढाई बजे राजधानी के निगमबोध घाट पर होगा. शीला दीक्षित के पार्थिव शरीर को निजामुद्दीन स्‍थ‍ित उनके आवास से कांग्रेस के हेडक्‍वार्टर ले जाया गया है. यहां उनके अतिम दर्शन के लिए करीब एक घंटे तक पार्थिव देह को रखा जाएगा. कांग्रेस की सीनियर नेता सोनिया गांधी और उनकी बेटी प्रियंका गांधी वाड्रा ने शीला दीक्षित के अंतिम दर्शन किए और श्रद्धांजलि दी.

बता दें कि दिल का दौरा पड़ने से यहां फोर्टिस एस्कॉर्ट्स हार्ट इंस्टीट्यूट में शनिवार दोपहर दीक्षित का निधन हो गया था. उनके पार्थिव शरीर को पहले एआईसीसी मुख्यालय ले जाया गया है और फिर दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमिटी (डीपीसीसी) के कार्यालय ले जाया गया. उनका अंतिम संस्कार निगम बोध घाट पर किया जाएगा.

सोनिया गांधी ने उनके अंतिम दर्शन करने के बाद कहा कि शीला दीक्षित हम सबके दिल में बसी हैं. यूपीए अध्‍यक्ष सोनिया गांधी ने कहा कि शीला दीक्षित ने उन्‍हें हमेशा सपोर्ट किया. वह मेरी बड़ी बहन और सहेली थीं. कांग्रेस के लिए यह बड़ी क्षति है. हम उन्‍हें हमेशा याद रखेंगे.

शीला दीक्षित की पार्थिव देह कांग्रेस मुख्‍यालय पहुंचे से पहले उनके निवास पर बीजेपी के सीनियर नेता लाल कृष्ण आडवाणी और पूर्व विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को उनके यहां स्थित आवास पहुंच कर रविवार को श्रद्धांजलि दी. एनसीपी नेता शंकर सिंह वाघेला ने भी दीक्षित को श्रद्धांजलि दी.

स्वराज ने ट्वीट किया, ”शीला दीक्षित जी के अचानक निधन की खबर सुनकर दुख हुआ. हम राजनीति में प्रतिद्वंद्वी थे, लेकिन निजी जिंदगी में हम दोस्त थे. वह बेहतर इंसान थीं.” भाजपा के 1998 में सत्ता से बाहर होने के बाद स्वराज की जगह दीक्षित ने ली थी.

सोनिया ने शीला के निजामुद्दीन ईस्ट स्थित आवास पर पहुंचकर श्रद्धांजलि दी. उन्होंने शीला के पुत्र संदीप दीक्षित को लिखे पत्र में कहा, ‘ मेरे पति (राजीव गांधी) शीला जी का बहुत सम्मान करते थे. मेरे भी उनसे अच्छे ताल्लुकात थे. हमने उनके दिल्ली की मुख्यमंत्री, डीपीसीसी की प्रमुख और इंदिरा गांधी स्मृति न्यास के सचिव रहने दौरान साथ मिलकर काम किया.’ उन्होंने कहा, ‘शीला जी ने दिल्ली को बदलने और सभी नागरिकों के रहने के लिहाज से इसे बेहतर स्थान बनाने के लिए स्पष्ट दृष्टकोण और समर्पण के साथ काम किया. उनकी यही शानदार उपलब्धि उनकी आखिरी छाप रहेगी.’

सोनिया ने कहा, ‘उन्होंने जो कुछ भी किया उसमें वह मानवता और उत्कृष्टता लेकर आईं. उन्होंने आखिरी समय तक पूरे साहस और वफादारी के साथ कांग्रेस पार्टी की सेवा की.’ यूपीए प्रमुख ने कहा, ‘ मेरी पार्थना है कि ईश्वर आपको यह दुख सहन करने की शक्ति प्रदान करे.’

दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष शीला का शनिवार को दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया. वह 81 साल की थीं. दीक्षित को उनके निवास पर सुबह से अब तक सैकड़ों लोग श्रद्धांजलि दे चुके हैं.