पणजी: गोवा के नवनियुक्त मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत की पत्नी सुलक्षणा ने मंगलवार को कहा कि राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ (आरएसएस) के प्रशिक्षण में हमें सिखाया गया है कि पार्टी से पहले राष्ट्र है. उन्होंने कहा कि उनके पति सावंत शीर्ष ‘काम’ के लिए उपयुक्त हैं क्योंकि उन्होंने पूर्व में विधानसभा अध्यक्ष के पद व एक सरकारी कॉपोरेशन के प्रमुख के तौर पर अपने कार्य को अच्छी तरह निभाकर अपनी योग्यता को साबित किया है. Also Read - दिल्ली से गोवा की फ्लाइट में 'आतंकवादी' होने के दावे से मचा हंगामा, पुलिस ने यात्री को किया गिरफ्तार

उन्होंने शपथ ग्रहण समारोह से इतर संवाददाताओं से कहा, “जब हम संघ से आते हैं तो हमारे लिए देश, पार्टी से पहले आता है. राष्ट्र को आगे रखने की भावना हमें आरएसएस ने सिखाई है. जब कोई इस भावना को दिमाग में ध्यान रखकर सामाजिक कार्य करता है या राजनीति में आता है, तो यही सिद्धांत कि हम जो भी कार्य करते हैं, उसमें देश पहले होता है.” सुलक्षणा गोवा में भाजपा की महिला मोर्चा की प्रमुख हैं. उन्होंने कहा कि सावंत (45) एक बहुत ही नियमबद्ध व्यक्ति हैं. उन्होंने कहा, “वह ध्यान रखते हैं कि दिन के 24 घंटे का पूरी तरह से उपयोग हो, जिसमें से कुछ समय आराम का होता है. लेकिन वह ध्यान रखते हैं कोई भी क्षण बेकार नहीं हो.” Also Read - Bihar Assembly Election 2020: भाजपा के मेनिफेस्टो पर मचा बवाल, तो BJP ने किया पलटवार

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यह पूछे जाने पर कि सावंत नए पद पर कैसा प्रदर्शन करेंगे, सुलक्षणा ने कहा, “जब कोई नौकरी की तलाश में जाता है तो व्यक्ति से पहला सवाल यह पूछा जाता है कि उसका अनुभव क्या है? लेकिन, जब कोई वास्तव में नौकरी देगा तभी तो वह व्यक्ति अनुभव प्राप्त करेगा.” सुलक्षणा ने कहा कि जब सावंत पहली बार 2012 में विधायक चुने गए तो उन्हें गोवा स्टेट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलेपमेंट कॉरपोरेशन के प्रमुख की जिम्मेदारी दी गई और 2017 में उन्हें विधानसभा का अध्यक्ष नियुक्त किया गया. उन्होंने दोनों ही कार्यो में अच्छा प्रदर्शन किया.