नई दिल्ली: तेलंगाना में तेलगू देशम पार्टी और कांग्रेस की मुश्‍क‍िलें कम नहीं हो रही हैं. कांग्रेस के 12 विधायक पहले सत्‍ताधारी पार्टी टीआरएस में शामिल हो चुके हैं. इसके बाद से कई टीडीपी के नेताओं के जाने का सिलसिला जारी है. अभी राज्‍यसभा में टीडीपी के 4 सदस्‍य बीजेपी में शामिल हो गए थे. अब टीडीपी और कांग्रेस के कई नेता गुरुवार को भाजपा में शामिल हो गए.

बीजेपी ने कहा है कि वह राज्य की सत्ताधारी तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) की मुख्य प्रतिद्वंद्वी बनकर उभरी है. तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के जो नेता भाजपा में शामिल हुए हैं, उनमें अविभाजित आंध्रप्रदेश के पूर्व मंत्री ई पेड्डी रेड्डी और बोदा जर्नादन और पूर्व सांसद सुरेश रेड्डी का नाम है.

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एम शशिधर रेड्डी और पार्टी के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के नेता शेख रहमतुल्ला भी भाजपा में शामिल हो गए. भारतीय जनता पार्टी के महासचिव पी मुरलीधर राव ने उन्हें पार्टी में शामिल किया. राव ने दावा किया कि तेलंगाना में टीआरएस के कुशासन से लड़ने में केवल उनकी पार्टी ही सक्षम है.

मुरलीधर राव ने कहा कि कांग्रेस, टीआरएस की मदद कर रही है और लोग देख रहे हैं कि भाजपा ऐसी पार्टी है, जो परिवार और जाति की राजनीति से दूर रहती है.