नई दिल्ली. देश के पांच राज्यों में हो रहे विधानसभा चुनाव के तीसरे चरण के मतदान के लिए बुधवार को चुनाव प्रचार थम गया. इस चरण में तेलंगाना और राजस्थान में चुनाव होने हैं. यूं तो चुनाव के दौरान पक्ष-विपक्ष के नेताओं के बीच बयानों की तीरंदाजी और आरोप-प्रत्यारोप चलते ही रहते हैं, लेकिन तेलंगाना में नेताओं के बयानों का जो स्तर दिखा, वह राजनीति के लिए चिंतनीय है. यहां चुनाव प्रचार के दौरान हर पार्टी का नेता दूसरे दल को सिर्फ कमतर साबित करने की कोशिश नहीं कर रहा था, बल्कि निजी हमले भी कर रहा था. इसलिए ‘चोर’, ‘झूठा’, ‘अलीबाबा 40 चोर’, ‘खाओ कमीशन राव’, ‘मेंटल’, ‘जोकर’, ‘चंद्रमुखी’ जैसे शब्द चुनाव प्रचार के दौरान सुनने में आए. बहरहाल, तेलंगाना की जनता आज से सुकून में होगी, क्योंकि चुनाव में खड़े उम्मीदवारों के कानफाड़ू प्रचार के शोर से उन्हें मुक्ति मिल गई है. अब मतदाताओं को 7 दिसंबर का इंतजार है, जिस दिन विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होगा.

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तेलंगाना के मुख्य निर्वाचन अधिकारी रजत कुमार ने अंग्रेजी अखबार इकोनॉमिक टाइम्स के साथ बातचीत में कहा कि राज्य की नक्सल-माओवाद प्रभावित 13 विधानसभा सीटों के लिए शाम 4 बजे चुनाव प्रचार थम जाएगा. वहीं, प्रदेश की अन्य सीटों का चुनाव प्रचार शाम 5 बजे समाप्त होगा. शांतिपूर्ण तरीके से चुनाव प्रक्रिया संपन्न कराने के लिए राज्य में बुधवार की शाम से मतदान की समाप्ति तक शराब पर प्रतिबंध भी लगा दिया गया है. रजत कुमार ने बताया कि 7 दिसंबर के दिन मतदान की समाप्ति तक राज्य में कहीं भी शराब की बिक्री नहीं की जा सकेगी. चुनाव प्रचार के दौरान अभद्र भाषा के इस्तेमाल या आरोपों को लेकर कुमार ने बताया कि इस तरह की शिकायत पर कई नेताओं के खिलाफ नोटिस जारी किए गए हैं. हरीश राव, वी.पी. रेड्डी जैसे कुछ नेताओं को आपत्तिजनक बयानों को लेकर नोटिस दिए गए. आइए देखते हैं किस नेता ने कैसी भाषा का किया इस्तेमाल.

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– तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव ने अपने लगभग सभी चुनावी भाषणों में पीएम मोदी, कांग्रेस और आंध्रप्रदेश के सीएम चंद्रबाबू नायडू को निशाने पर रखा. उन्होंने पीएम मोदी को ‘झूठा’ करार दिया. एक भाषण में तो राव ने यहां तक कहा कि पीएम मोदी को ‘हिंदू-मुस्लिम बीमारी’ है. केसीआर ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को भी अपने भाषणों में ‘छूट’ नहीं दी. उन्होंने अपने एक भाषण में राहुल गांधी को ‘जोकर’ कहा था.

– के. चंद्रशेखर राव के भाषणों के जवाब में भाजपा और कांग्रेस पार्टी ने भी चुनावी भाषणों में तेलंगाना के सीएम को निशाने पर बनाए रखा. भाजपा ने तेलंगाना के सीएम को जहां ‘लुटेरा’ करार दिया, वहीं कांग्रेस ने केसीआर के लिए ‘चोर’ विशेषण का इस्तेमाल किया. पंजाब कांग्रेस के नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने सीएम के. चंद्रशेखर राव और उनके परिवार के लिए ‘अलीबाबा 40 चोर’ जैसे जुमले का इस्तेमाल किया. वहीं कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने अपने एक भाषण में केसीआर को ‘खाओ कमीशन राव’ के नाम से संबोधित किया. इसके अलावा आंध्रप्रदेश के सीएम एन. चंद्रबाबू नायडू ने केसीआर को ‘छोटा मोदी’ कहकर संबोधित किया.

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– तेलंगाना विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान उम्मीदवारों के बीच भी निजी हमलों का दौर चला था. टीआरएस के उम्मीदवार बलका सुमन ने रेवंत रेड्डी को ‘बौना’ कहा, तो जवाब में रेवंत ने सुमन को ‘कठपुतली’ करार दिया. वहीं, तेलंगाना के वित्त मंत्री इटाला राजेंदर का एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वह अपने प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार पी. कौशिक रेड्डी के लिए आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते देखे गए. इसके जवाब में रेड्डी ने राजेंदर को ‘बौना’ कह डाला.