हैदराबाद: तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) जीत की राह पर नजर आ रही है. शुरुआती रुझानों में पार्टी ने ज्यादातर निर्वाचन क्षेत्रों में बढ़त बना ली है. टीआरएस उम्मीदवार 48 निर्वाचन क्षेत्रों में अपने प्रतिद्वंद्वियों से आगे हैं जबकि कांग्रेस के नेतृत्व में पीपुल्स फ्रंट 21 निर्वाचन क्षेत्रों में आगे है. ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) तीन सीटों पर आगे है जबकि भाजपा एक निर्वाचन क्षेत्र में आगे है. Also Read - 'महाराष्ट्र में अगले 2-3 माह में सरकार बना लेगी बीजेपी, तैयारी हो गई है'

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आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार तीसरे दौर की गिनती तक कार्यवाहक टीआरएस सरकार के वरिष्ठ नेता टी हरीश राव, सिद्दिपेट से अपनी निकतटम टीजेएस प्रतिद्वंद्वी भवानी रेड्डी से 13,040 मतों से आगे चल रहे थे. जहीराबाद से टीआरएस के उम्मीदवार मानिक राव पहले दौर की गिनती के बाद 738 मतों से आगे थे. तेलंगाना विधानसभा की 119 सीटों के लिए मतदान सात दिसम्बर को हुआ था और मतगणना आज सुबह आठ बजे शुरू हुई.

बहुमत के साथ सत्ता में बने रहेंगे

चुनाव में सत्तारूढ़ टीआरएस और भाजपा मैदान में अकेले उतरे हैं और कांग्रेस ने तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी), भाकपा और तेलंगाना जन समिति (टीजेएस) के साथ गठबंधन किया है. टीआरएस प्रमुख और मुख्यमंत्री के.चंद्रशेखर राव की बेटी के. कविता ने कहा कि इसमें कोई संदेह नहीं है कि पार्टी बहुमत के साथ सत्ता में बनी रहेगी. लोकसभा सांसद कविता ने कहा कि राज्य में पिछले साढ़े चार सालों में टीआरएस सरकार ने सभी मोर्चो पर अच्छा काम किया है. टीआरएस ने 2014 में 63 सीटें जीती थीं जबकि कांग्रेस 21 सीटें ही जीत पाई थी.

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