लखनऊ: पूरे उत्तर भारत में इन दिनों मौसम करवट ले रहा है लेकिन उत्तर प्रदेश और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में धूल भरी आंधी ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है. उत्तर प्रदेश में बुधवार को आए आंधी-तूफान में 10 लोगों की मौत हो गई जबकि करीब 28 लोग घायल हो गए. यूपी के गोंडा में 3, फैजाबाद में 1 और सीतापुर में 6 लोग आंधी-तूफान की चपेट में आ गए और अपनी जान गंवा बैठे.

पहले भी हुई थी तबाही
इससे पहले भी यूपी में पिछले दिनों आए आंधी तूफान में 26 लोगों की मौत हो गई थी जिनमें जौनपुर और सुल्तानपुर में पांच-पांच, चन्दौली और बहराइच में तीन-तीन, मिर्जापुर, सीतापुर, अमेठी और प्रतापगढ़ में एक-एक, उन्नाव में चार और रायबरेली में दो लोगों की मौत हुई थी. मौसम विभाग ने पहले ही आंधी-तूफान चलने का अनुमान जताया था, मौसम विभाग ने मंगलवार को ही घोषणा की थी कि आने वाले दिनों में यूपी और दिल्ली में तेज धूल भरी आंधी-तूफान चल सकता है.

दिल्ली में सांस लेने लायक नहीं है हवा, PM-10 का स्तर खतरे के निशान से ऊपर

दिल्ली में भी हालात बदतर
यूपी के अलावा राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी हालत बहुत बुरे हैं, धूल भरी आंधी चलने से लोगों का सांस लेना दूभर हो गया है. हालत इतने खराब हो चुके हैं कि लोग घर से बाहर निकलने से बच रहे हैं और बहुत जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकल रहे हैं. धूल भरी आंधी के साथ गर्म हवा भी चल रही है जिससे मौसम भी सामान्य से गर्म हो गया है.

बुधवार को राष्ट्रीय राजधानी में अधिकतम और न्यूनतम तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस और 34 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. ‘केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड’ के आंकड़ों के अनुसार पीएम 10 का स्तर खतरे के निशान से बेहद अधिक दर्ज किया गया. दिल्ली-एनसीआर में यह 778 और दिल्ली में 824 दर्ज किया गया.

तीन दिनों तक रहेगी समस्या
मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली के ऊपर छाई धूल भरी धुंध के लिए राजस्थान में आई धूल भरी आंधी मुख्य वजह है. मौसम विभाग की ओर से जारी आधिकारिक बयान में अगले तीन दिनों तक दिल्ली में यह स्थिति बरकरार रहने की आशंका व्यक्त की गई है. ऐसे में लोगों को जल्दी राहत मिलने की संभावना नहीं है.