तिरुवनंतपुरम: विशेष सीबीआई अदालत ने साल 2005 में 26 वर्षीय व्यक्ति की हिरासत में मौत के संबंध में दो पुलिस अधिकारियों को आज मौत की सजा सुनाई. सहायक सब इंस्पेक्टर के जीतकुमार और सिविल पुलिस अधिकारी एस वी श्रीकुमार इस मामले में पहले और दूसरे आरोपी थे. यहां विशेष सीबीआई अदालत के न्यायाधीश जे नजीर ने दोनों को मौत की सजा सुनाई और प्रत्येक को दो लाख रुपये का जुर्माना भरने का आदेश दिया. Also Read - दो ढाबा मालिकों ने मुंबई की इवेंट मेनेजर से दिल्ली में किया रेप, फेसबुक पर हुई थी दोस्ती

ऐसा माना जा रहा है कि यह पहली बार है कि जब केरल में दो सेवारत पुलिस अधिकारियों को मौत की सजा सुनाई गई है. मामले में तीन अन्य आरोपियों टीके हरिदास, ईके साबू और अजीत कुमार को सबूत नष्ट करने तथा साजिश रचने के लिए तीन साल की जेल की सजा सुनाई है. तीसरा आरोपी केवी सोमन की मुकदमे की सुनवाई के दौरान मौत हो गई थी जबकि एक अन्य आरोपी वी पी मोहनन को अदालत ने पहले बरी कर दिया था. Also Read - सपा विधान परिषद सदस्य के यहां जन्मदिन पार्टी में चली गोली, एक की मौत, पुलिस ने चार लोगों को हिरासत में लिया

अदालत ने सभी आरोपियों पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया. अभियोजन पक्ष के अनुसार, उदयकुमार को चोरी के एक मामले के संबंध में हिरासत में लिया गया था और पुलिस द्वारा प्रताड़ित करने के बाद उसकी एक पुलिस थाने में मौत हो गई थी. उदयकुमार को हिरासत में लेने वाले जीतकुमार और श्रीकुमार को हत्या के लिए जिम्मेदार ठहराया गया जबकि तीन अन्यों को साजिश रचने तथा सबूतों को नष्ट करने का दोषी ठहराया गया. इस मामले को लेकर राज्यभर में व्यापक विरोध प्रदर्शन हुए थे. उदयकुमार की मां प्रभावति की याचिका पर उच्च न्यायालय के फैसले के बाद मामले की जांच सीबीआई को सौंपी गई थी. Also Read - 10 रुपए देकर रेप किया, दर्द से गई बच्ची की जान, कोर्ट ने दुष्कर्मी को दी सजा-ए-मौत