नई दिल्ली: केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार का सोमवार तड़के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया. वह पिछले कुछ महीनों से फेफड़े के कैंसर से जूझ रहे थे. शंकरा अस्पताल के निदेशक नागराज ने बताया कि कुमार (59) ने तड़के दो बजे आखिरी सांस ली. उस वक्त उनकी पत्नी तेजस्विनी और दोनों बेटियां भी वहां मौजूद थीं.अमेरिका और ब्रिटेन में इलाज कराने के बाद वह हाल में ही बेंगलुरु लौटे थे. उनका बाद में यहां शंकरा अस्पताल में इलाज चल रहा था.

भाजपा सूत्रों ने बताया कि कुमार का शव श्रद्धांजलि के लिए नेशनल कॉलेज ग्राउन्ड में रखा जाएगा. यह मैदान उनके बेंगलुरु दक्षिण लोकसभा क्षेत्र में पड़ता है. सूत्रों ने बताया कि अंतिम संस्कार की व्यवस्था पर काम चल रहा है. कर्नाटक में तीन दिन के शोक की घोषणा की गई है. राज्य में आज अवकाश की घोषणा की गई है. वहीं देश में राष्ट्रीय ध्वज आधा झूका रहेगा.

अनंत कुमार के पार्टी कार्यालय ने एक बयान में बताया कि कुमार का कैंसर और संक्रमण के बाद पैदा हुई जटिलताओं के कारण निधन हुआ.बयान में बताया गया कि वह पिछले कुछ दिनों से सघन निगरानी कक्ष में कृत्रिम जीवन रक्षक प्रणाली पर थे. कुमार के निधन पर शोक प्रकट करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘मैं अपने महत्त्वपूर्ण साथी एवं मित्र के निधन से बेहद दुखी हूं.’उन्होंने कुमार को असाधारण नेता बताया, जो युवावस्था में ही सार्वजनिक जीवन में आए और काफी लगन और सेवा भाव से समाज की सेवा की.

उन्होंने कहा कि वह अपने अच्छे कार्य के लिये हमेशा याद किये जाएंगे.मोदी ने एक अन्य ट्वीट में कहा, ‘‘अनंत कुमार जी सक्षम प्रशासक थे, जिन्होंने कई मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली और भाजपा संगठन के लिये एक धरोहर थे.

उन्होंने पार्टी को कर्नाटक और खासतौर पर बेंगलुरु और आस-पास के क्षेत्रों में मजबूत करने के लिये कठोर परिश्रम किया. वह अपने क्षेत्र की जनता के लिये हमेशा सुलभ रहते थे.’प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने कुमार की पत्नी डॉ. तेजस्विनी से बातचीत की और अपनी संवेदना प्रकट की. उन्होंने कहा, ‘‘इस दुख की घड़ी में मेरी संवेदना उनके समूचे परिवार, मित्रों और समर्थकों के प्रति है. ओम शांति.’

राहुल गांधी ने भी अनंत कुमार के निधन पर गहरा शोक प्रकट किया है. कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमार स्वामी ने कहा कि मैंने एक महान दोस्त को खो दिया है. वह एक मूल्यवान राजनीतिज्ञ थे जिन्होंने देश को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया. भगवान उनके परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दे. उनकी आत्म को शांति मिले.