नई दिल्ली: देश में ट्रैक्टर रैली के नाम पर अब हुड़दंग शुरू हो चुका है. क्योंकि एक तरफ जहां सैकड़ों किसान दिल्ली पुलिस द्वारा जारी रोडमैप के अनुसार चल रहे हैं. वहीं कुछ लोग हुड़दंग मचा रहे हैं, जिस कारण राजधानी दिल्ली में भारी ट्रैफिक की समस्या उठ खड़ी हुई है. यही नहीं कई तस्वीरें और वीडियो ऐसे भी सामने आए हैं जहां शांतिपूर्ण प्रदर्शन के नाम पर लोग पुलिस वालों के पीछे तलवार लेकर दौड़ रहे हैं और लाठी लेकर पुलिस को खदेड़ा जा रहा है.Also Read - Bulli Bai App Case: बुल्ली बाई एप के आरोपी सु्ल्ली डील एप में भी थे शामिल, मुंबई पुलिस ने कोर्ट को दी ये जानकारी

लेकिन सबसे बुरी बात यह है कि किसान संगठन लाल किले में घुसकर वहीं की प्राचीर और गुंबद तक पहुंच गए और वहां निशान साहिब और किसान संगठनों के झंडे को लगा दिया गया है. बता दें कि यह वह प्राचीर है जहां हर साल स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तिरंगा झंड़ा फहराते हैं और देश को संबोधित करते हैं. हालांकि इस घटना के कुछ ही देर बाद पुलिसकर्मियों द्वारा यहां से झंडों को हटा लिया गया लेकिन इस दौरान प्रदर्शनकारी नीचे खड़े होकर हूटिंग करते दिखे. Also Read - गाजीपुर में IED मिलने का मामला: टेलीग्राम पर अलकायदा से जुड़े संगठन ने ली जिम्मेदारी, दिल्ली पुलिस जांच में जुटी

दिल्ली एनसीआर में किसान आंदोलन के दौरान पुलिस को लाठीचार्ज और आंसूगैस का सहारा लेना पड़ा. शहर में ट्रैफिक जाम में कई लोग फंसे हुए हैं. साथ ही दिल्ली के कई मेट्रों स्टेशनों को बंद कर दिया गया है. लेकिन इस बीच चिंता की बात यह है कि बड़ी संख्या में मौजूद पुलिस बल भी हुंडदंग मचा रहे लोगों को रोकने में नाकाम रही है. Also Read - Traffic advisory Republic Day Parade 2022: गणतंत्र दिवस परेड रिहर्सल को लेकर ट्रैफिक एडवाइजरी जारी, दिल्ली के इन रास्तों पर आवाजाही रहेगी बंद

प्रदर्शनकारी किसान हाथ में डंडे लेकर पुलिसकर्मियों को दौड़ाते हुए दिखे. हालांकि इस दौरान पुलिस को लाठीचार्ज का सहारा लेना पड़ा और भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसूगैस के गोले भी दागने पड़े. सामूहिक रूप से इस दौरीन तलवार और कृपाणों का प्रदर्शन किसानों द्वारा किया गया. हालांकि कई किसान नेता पहले ही इस बात से पल्ला झाड़ चुके हैं कि जो लोग दिल्ली में घुसे हैं वे उनके लोग नहीं है.