भोपाल: मध्यप्रदेश में रविवार को एक महिला सहित दो और लोग कोरोना वायरस से संक्रमित पाये गये . इसी के साथ मध्यप्रदेश में इस वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ कर छह हो गई है. रविवार को जो दो लोग इस वायरस के लिए संक्रमित पाये गये हैं, उनमें भोपाल में 26 वर्षीय एक छात्रा और जबलपुर में 40 वर्षीय एक पुरूष शामिल हैं. भोपाल में कोविड—19 का यह पहला मामला है, जबकि जबलपुर में पांचवा मामला है. Also Read - दिल्ली में कोविड स्थिति को लेकर CM केजरीवाल की बैठक, बोले- 'ऑक्सीजन और रेमेडिसवीर की कमी, बहुत तेजी से घट रहे ICU बेड'

मध्य प्रदेश में शुक्रवार को कोरोना वायरस का पहला मामला आया. इस दिन चार लोग जबलपुर शहर में कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए थे. उनमें दुबई से लौटे जबलपुर के एक कारोबारी परिवार के तीन सदस्य और जर्मनी से वापस आया एक व्यक्ति शामिल है. आधिकारिक जानकारी के अनुसार जो व्यक्ति रविवार को जबलपुर में संक्रमित पाया गया है, वह दो दिन पहले जबलपुर के संक्रमित पाये गये कारोबारी की दुकान में काम करता है. उसे भी जबलपुर शहर के पृथक वार्ड में रखा गया है. यह कारोबारी दुबई से आने के बाद अपनी दुकान खोलकर उसमें बैठा था. भोपाल में कोराना वायरस के लिए संक्रमित पाई गई छात्रा लंदन से आई थी. Also Read - Gujarat: गुजरात में गर्ल्‍स हॉस्‍टल बनाया जा रहा कोविड सेंटर, कल आए थे 8,920 नए केस

इसके मद्देनजर मध्यप्रदेश सरकार ने एहतियात तौर पर भोपाल एवं जबलपुर सहित नौ जिलों को लॉकडाउन कर दिया है. इन दोनों जिलों के अलावा, सात अन्य जिल सिवनी, बालाघाट, बैतूल, ग्वालियर, छिन्दवाड़ा, रतलाम और नरसिंहपुर हैं. इन नौ जिलों में से नरसिंहपुर में 14 दिनों तक शटडाउन रहेगा, जबकि भोपाल में तीन दिन यानी 72 घंटे का लॉकडाउन किया गया है और बाकी सात जिलों को दो या तीन दिनों तक बंद किया जाएगा. Also Read - Rajasthan University Exam 2021: राजस्थान के सभी विश्वविद्यालयों की परीक्षा स्थगित, शिक्षा मंत्री ने दी ये लेटेस्ट जानकारी

इसके अलावा, अत्यावश्यक सेवा से जुड़े अमले को छोड़कर मध्यप्रदेश के समस्त सरकारी कार्यालयों एवं संस्थाओं में कार्यरत अमले को अस्थाई रूप से 31 मार्च तक अपना कार्यालयीन कार्य अपने निवास स्थान से करने के आदेश जारी किये हैं.

भोपाल के कलेक्टर तरूण कुमार पिथोडे ने बताया, ‘भोपाल में रविवार को एक लड़की कोरोना वायरस से संक्रमित पाई गई . वह तीन दिन पहले लंदन से भोपाल लौटी थी. वह लंदन में लॉ में स्नातकोत्तर की पढ़ाई कर रही है और 17 मार्च को लंदन से दिल्ली पहुंची. उसके बाद 18 मार्च को वह भोपाल आई.’ उन्होंने कहा कि इस लड़की के नमूने कल जांच के लिए भेजे गए थे और जांच में उसके संक्रमित होने का पता चला है.

उन्होंने कहा कि इस लड़की को शहर के एक अस्पताल में पृथक वार्ड में रखा गया है. पिथोडे ने बताया कि इस महिला के घर एवं आसपास के इलाके को भी सैनिटाइज कर दिया गया है. इस लड़की के माता—पिता को भी पृथक रहने को कहा गया है.

उन्होंने कहा ‘‘स्थिति को देखते हुए भोपाल जिले में तत्काल प्रभाव से लॉकडाउन घोषित कर दिया गया है. यह लॉकडाउन 24 मार्च की रात्रि 12 बजे तक रहेगा. इसमें किसी भी व्यक्ति को अपने घर से बाहर निकलने की अनुमति नहीं होगी. जिले की सभी सीमाएं सील की गई हैं.

मध्यप्रदेश में कोरोना वायरस से बचाव के उपायों के तहत स्कूल, कालेज, सिनेमा हॉल, संग्रहालयों, नेशनल पार्क, टाइगर रिजर्व और मॉल को पहले ही बंद कर दिया गया है. वहीं मध्यप्रदेश से महाराष्ट्र व राजस्थान के बीच बस सेवा को भी 31 मार्च तक स्थगित कर दिया गया है. इसके अलावा, कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए मध्यप्रदेश में स्थित दो प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंगों … ओंकारेश्वर और महाकालेश्वर में श्रद्धालुओं के प्रवेश पर 31 मार्च तक प्रतिबंध लगाया गया है.