UK Coronavirus News: ब्रिटेन में मिले कोरोना के नए स्ट्रेन से पूरी दुनिया में दहशत है. भारत समेत एक दर्जन से अधिक देशों ने ब्रिटेन के साथ हवाई सेवाएं स्थगित कर दी हैं. भारत ने 31 दिसंबर तक ब्रिटेन की सभी उड़ानों पर रोक लगा दी है. इसके साथ-साथ ब्रिटेन से आए लोगों का एयरपोर्ट पर RT-PCR टेस्ट भी किया जा रहा है. इसके सरकार की तरफ से SOP जारी की गई है. इस बीच दिल्ली, चेन्नई और कोलकाता के साथ-साथ देश के कई हवाई अड्डों पर यूके से आए 20 से अधिक यात्री कोरोना वायरस से पॉजिटिव पाए गए हैं. ‘हिन्दुस्तान टाइम्स’ की रिपोर्ट के अनुसार, राज्य सरकारों ने बीते10 दिन में ब्रिटेन से लौटे यात्रियों की ट्रेसिंग शुरू कर दी है. जिन लोगों की रिपोर्ट पॉजिटव आई है, उनके सैंपल में इस बात की टेस्टिंग हो रही है कि क्या इनमें कोरोना के नए स्ट्रेन हैं. Also Read - स्वास्थ्य कर्मियों को लगने वाले टीके TMC कार्यकर्ताओं ने लगवाए इसी वजह से वैक्सीन की कमी हुई: दिलीप घोष

उधर, ब्रिटेन और अन्य जगहों पर नए स्वरूप का कोरोना वायरस पाए जाने के बाद नीति आयोग ने मंगलवार को कहा कि इससे भारत के लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है. नीति आयोग के सदस्य (स्वास्थ्य) डॉ. वीके पॉल ने कहा कि कोरोना के इस म्यूटेशन से मामलों की गंभीरता और मृत्युदर पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा. देश में बन रही वैक्सीन को लेकर उन्होंने कहा कि वैक्सीन की क्षमता पर भी इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा. Also Read - Vaccination Suspended in Maharashtra: महाराष्ट्र में भी रोका गया कोविड-19 वैक्सीनेशन प्रोग्राम, जानें अब वैक्सीन लगेगी या नहीं..?

उन्होंने कहा कि कोरोना के नए स्वरूप को लेकर चिंता करने की जरूरत नहीं है. इससे दहशत में आने की भी कोई जरूरत नहीं है. हमें सिर्फ सतर्क रहने की जरूरत है. पॉल ने कहा कि म्यूटेशन से बीमारी और गंभीर नहीं हुई है और इसका मृत्युदर पर असर नहीं हुआ है. म्यूटेशन से वायरस के एक से दूसरे व्यक्ति के शरीर में पहुंचने की आशंका बढ़ गई है. ऐसा भी कहा जा रहा है कि यह 70 प्रतिशत अधिक संक्रामक है. Also Read - Corona Vaccination in India, Day 1: सफल रहा टीकाकरण अभियान का पहला दिन, 1,91,181 लोगों को लगाया गया टीका

ब्रिटेन से वापस आने वालों के लिए SOP जारी
स्वास्थ्य मंत्रालय की मंगलवार को जारी मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) में कहा गया है कि ब्रिटेन से आने वाले यात्रियों की आरटी-पीसीआर जांच करानी चाहिए और संक्रमित पाए जाने पर उन्हें संस्थानिक क्वारेंटाइन केंद्र में भेजना चाहिए. स्वास्थ्य मंत्रालय की एसओपी में 25 नवंबर से 23 दिसंबर तक ब्रिटेन होकर आने वाले यात्रियों के स्वास्थ्य की निगरानी के संबंध में विभिन्न गतिविधियों का उल्लेख किया गया है.

दिशा-निर्देश में कहा गया है कि पिछले चार हफ्ते में भारत के विभिन्न हवाई अड्डे पर ब्रिटेन से आई उड़ानों के यात्रियों के बारे में सूची आव्रजन ब्यूरो द्वारा राज्य सरकारों और एकीकृत रोग निगरानी कार्यक्रम (आईडीएसपी) को मुहैया करायी जाएगी. इससे निगरानी टीमें यात्रियों का पता लगा पाएंगी.