नई दिल्ली: केंद्र में सत्तारूढ़ मोदी सरकार में मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी कुछ अलग तरह की इफ्तार पार्टी देने जा रहे हैं.केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी तीन तलाक (तलाक-ए-बिद्दत) पीड़ित महिलाओं के लिए बुधवार  को  इफ्तार का आयोजन करेंगे, जिसमें इन महिलाओं के अलावा उनके परिवार के सदस्य भी शामिल होंगे. नकवी के करीबी ने बताया, ”कल मंत्री के आवास (7 सफदरजंग रोड) पर इफ्तार का आयोजन किया गया है. इस इफ्तार को मुख्य रूप से तीन तलाक पीड़ित महिलाओं के लिए रखा गया है. इसमें विभिन्न क्षेत्र में काम करने वाली मुस्लिम महिलाएं और तीन तलाक पीड़ित महिलाओं के परिजन भी शामिल होंगे.”
बीजेपी अध्यक्ष शाह के कहने पर इफ्तार की दावत
सूत्रों का कहना है कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के कहने पर इस इफ्तार का आयोजन किया जा रहा है. Also Read - Haj 2021: हज यात्रा को लेकर अल्पसंख्यक कार्य मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का बड़ा बयान- दिये यह संकेत...

100 से ज्यादा महिलाएं आमंत्रित
सूत्र ने बताया कि इस इफ्तार के लिए करीब सौ महिलाओं को आमंत्रित किया गया है जिनमें कई तीन तलाक पीडि़त महिलाएं भी शामिल हैं. Also Read - हज 2021 को लेकर आवेदन प्रक्रिया जल्द शुरू होगी, सऊदी अरब की गाइडलाइंस का इंतजार

पहली बार सरकार के मंत्री मुस्लिम महिलाओं को दे रहे ऐसी दावत
ये पहली बार है कि सरकार के किसी मंत्री या बीजेपी की तरफ से विशेष तौर पर मुस्लिम महिलाओं के लिए इफ्तार का आयोजन किया जा रहा है. Also Read - लोकल से ग्लोबल: देश के अलग-अलग शहरों में शुरू होगा 'हुनर हाट', स्वदेशी खिलौने होंगे मुख्य आकर्षण

तीन तलाक के खिलाफ मुखर रहे पीएम
तीन तलाक के मुद्दे पर भाजपा और खासकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काफी मुखर रहे हैं. इसके खिलाफ सरकार एक विधेयक भी लाई है, हालांकि अभी इसको सिर्फ लोकसभा में ही पारित किया जा सका है. पिछले साल सुप्रीम कोर्ट ने तलाक-ए-बिद्दत को असंवैधानिक और गैरकानूनी, करार दिया था.

केंद्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री नकवी बीजेपी का बड़ा मुस्लिम चेहरा हैं और बीजेपी का पक्ष वो मुस्लिमों के बीच लगातार रखते आए हैं. नकवी ने मुसलमानों के बीच तीन तलाक पर प्रतिबंध लगाने वाले कानून को पारित करने में बाधा डालने के लिए कांग्रेस को दोषी बताया था. बता दें कि नकवी मुस्लिम समुदाय में प्रचलित तीन तलाक की परंपरा के खिलाफ लगातार बीजेपी की ओर से सरकार का पक्ष रखते रहें और विराधियों को निशाने पर लेते रहे हैं.

भारत में अल्पसंख्यक ज्यादा सुरक्षित : नकवी
बीते 3 जून को पणजीमें केंद्रीय मंत्री नकवी ने कहा था कि अन्य लोकतांत्रिक देशों के मुकाबले भारत में अल्पसंख्यक अधिक सुरक्षित हैं. उन्होंने कहा था, “अल्पसंख्यक और उनके सामाजिक-आर्थिक, शिक्षा और धार्मिक अधिकार अन्य लोकतांत्रिक देशों के मुकाबले अधिक सुरक्षित हैं. इसलिए अगर कुछ लोग डर का माहौल बनाने का प्रयास कर रहे हैं, तो मुझे नहीं लगता कि वे सफल हो पाएंगे. कुछ राजनीतिक ताकतों पर भारत के सामाजिक तानेबाने को बिगाड़ने के लिए कुछ घटनाओं का इस्तेमाल करने की कोशिश करने का आरोप लगाया था.

तीन तलाक का धर्म से कोई लेना-देना नहीं
केंद्रीय मंत्री नकवी ने मुसलमानों के बीच तीन तलाक पर प्रतिबंध लगाने वाले कानून को पारित करने में बाधा डालने के लिए कांग्रेस को दोषी ठहराया था. नकवी ने कहा था, तीन तलाक का धर्म से कोई लेना-देना नहीं है यह एक गलत परंपरा है और इसपर प्रतिबंध होना चाहिए, इसलिए इसे लोकसभा में पारित किया गया. दुर्भाग्यवश कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने राज्यसभा में इसे पारित नहीं होने दिया. राज्यसभा के आगामी सत्र में इसे पारित करने का हमारा प्रयास रहेगा. ये बात केंद्रीय मंत्री नकवी ने बीजेपी के ‘ट्रांस्फॉर्मिग इंडिया’ अभियान के तहत नकवी गोवा पहुंचे थे.

एनडीए के शासनकाल में कोई बड़ा दंगा नहीं
केंद्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री कहा कि एनडीए के शासन में कोई बड़ा सांप्रदायिक दंगा नहीं हुआ. नकवी ने कहा, दुर्भाग्यवश कुछ ताकतें, विशेषकर राजनीतिक शांति, विकास और समृद्धि को बिगाड़ने के लिए डर का माहौल तैयार करने की कोशिश कर रही हैं. कुछ छोटी-मोटी आपराधिक घटनाएं जरूर हुई हैं और उन पर समय के मुताबिक कार्रवाई की गई है. जो उनके लिए जिम्मेदार थे उन्हें जेल में डाला गया. (इनपुट एजेंसी)