Unlock 1.0: States issued separate guidelines: राज्य सरकारों ने अंतर-राज्यीय यात्रा की इजाजत देने सहित ‘अनलॉक-1’ के अलग-अलग दिशानिर्देश रविवार को जारी किये. वहीं, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और तेलंगाना ने कई छूट के साथ लॉकडाउन 30 जून तक बढ़ा दिया. दरअसल, एक दिन पहले शनिवार को केंद्र ने आर्थिक गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित करते हुए 68 दिनों से चले आ रहे लॉकडाउन में और छूट दी है. Also Read - फिल्‍मों की शूटिंग के लिए SOP लेकर आने वाली है सरकार: केंद्रीय मंत्री जावड़ेकर

पाबंदियों को निषिद्ध क्षेत्रों तक सीमित करने वाली केंद्र के तीन चरणों वाली अनलॉक योजना लॉकडाउन 4.0 के समाप्त होने के सोमवार से शुरू होने जा रही है. इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में कोई भी शिथिलता प्रदर्शित करने के प्रति लोगों को आगाह किया और उनसे अत्यधिक सतर्कता बरतने एवं सावधान रहने को कहा. उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस संकट की मार गरीबों और श्रमिकों पर सबसे अधिक पड़ी है और उनके दु:ख को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता. उन्होंने कहा, ‘‘लापरवाही या ढीला-ढाला रवैया विकल्प नहीं हो सकता है.’’ Also Read - Coronavirus In India Update: देश में संक्रमितों की संख्या 7 लाख के पार, कुल 20 हजार से अधिक लोगों की मौत

मोदी ने कहा, ‘‘ऐसे में हमें और सतर्क रहने की आवश्यकता है. दो गज की दूरी का नियम हो, मास्क पहनने की बात हो या घर में रहना हो, इन सभी बातों के पालन में जरा भी ढिलाई नहीं बरतनी चाहिए.’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमें इस लड़ाई को कमजोर नहीं होने देना है. कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई अब भी गंभीर है. आप, आपके परिवार अब भी कोरोना वायरस से खतरे का सामना कर सकते हैं.’’ Also Read - CBSE के छात्रों को मिल सकती है राहत, परीक्षा के सिलेबस में हो सकती है कटौती

‘अनलॉक-1’ आठ जून से लागू
केंद्रीय मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि ‘अनलॉक-1’ आठ जून से लागू होगा, जिसके तहत लॉकडाउन के नियमों में व्यापक छूट दी जाएगी. शॉपिंग मॉल, रेस्तरां, धार्मिक स्थलों को खोलने की इजाजत होगी, जबकि देश के सर्वाधिक प्रभावित इलाकों में सख्त पाबंदियां जारी रहेंगी. देश में कुल 30 नगर निकाय क्षेत्रों को सर्वाधिक प्रभावित माना जा रहा है.

जानिए महाराष्ट्र में मिली क्या छूट
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने लॉकडाउन को 30 जून तक बढ़ाए जाने के दौरान गैर निषिद्ध क्षेत्रों में सरकार द्वारा कई छूट दिए जाने के बीच रविवार को कहा कि लोगों को ‘‘नया जीवन’’ शुरू करते हुए सावधानी बरतनी चाहिए. राज्य के लोगों को टेलीविजन पर दिए संदेश में मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘‘मिशन बिगिन अगेन’’ का उद्देश्य अपना जीवन फिर से शुरू करना है. राज्य सरकार ने बड़ी राहत देते हुए सुबह की सैर और साइकलिंग जैसी बाहरी शारीरिक गतिविधियों की इजाजत दी है. महाराष्ट्र सर्वाधिक प्रभावित राज्य है, जहां अब तक 68,168 मामले सामने आये हैं और 2,197 लोगों की मौत हो चुकी हैं.

तमिलनाडु
तमिलनाडु सरकार ने कोरोना वायरस संक्रमण को काबू करने के लिए लागू लॉकडाउन की अवधि 30 जून तक के लिए बढ़ा दी है. हालांकि, सरकार ने सार्वजनिक परिवहन सुविधा को आंशिक रूप से बहाल करने और कार्यस्थल पर अधिक कर्मियों की मंजूरी देने समेत कुछ ढील दी हैं. मुख्यमंत्री के. पलानीस्वामी ने कहा कि धार्मिक स्थलों, अंतरराज्यीय बस परिवहन, मेट्रो और उपनगरीय रेल सेवा पर प्रतिबंध जारी रहेंगे. पहाड़ी नीलगिरि जिला और कोडाइकनाल एवं यरकौड शहरों में पर्यटकों का प्रवेश वर्जित रहेगा. होटल और रिसॉर्ट बंद रहेंगे. राज्य 22,333 मामलों के साथ राष्ट्रीय तालिका में दूसरे स्थान पर है.

तेलंगाना
तेलंगाना सरकार ने निरुद्ध क्षेत्रों में लॉकडाउन 30 जून तक बढ़ा दिया है. हालांकि, राज्य के भीतर लोगों की आवाजाही पर से पाबंदियां हटा ली गई हैं. इसके अलावा गैर-निरुद्ध क्षेत्रों में लागू विभिन्न पाबंदियां सात जून तक जारी रहेंगी.

मिजोरम-जम्मू कश्मीर
मिजोरम ने भी लॉकडाउन 30 जून तक के लिये बढ़ा दिया है जबकि यह जम्मू कश्मीर में आठ जून तक लागू रहेगा.

उत्तर प्रदेश और कर्नाटक
उत्तर प्रदेश और कर्नाटक जैसे राज्यों ने अंतर-राज्यीय और राज्य के अंदर लोगों एवं माल की आवाजाही पर लगी पाबंदियां हटा ली हैं. उप्र सरकार ने अंतर-राज्यीय यात्रा की इजाजत दे दी है लेकिन दिल्ली से लोगों की आवाजाही पर फैसला करना गाजियाबाद और गौतम बुद्ध नगर प्रशासनों के जिम्मे छोड़ दिया है. गौतम बुद्ध नगर प्रशासन ने शाम में नये दिशानिर्देश में कहा कि नोएडा-दिल्ली सीमा लोगों की आवाजाही के लिये सील रहेगी.

दिल्ली
दिल्ली सरकार के एक अधिकारी ने कहा कि वह नोएडा, गाजियाबादी, गुड़गांव और अन्य एनसीआर शहरों से लोगों को अंतर-राज्यीय यात्रा की इजाजत देने के पक्ष में हैं क्योंकि चरणबद्ध छूट अगले महीने से शुरू होने वाला है. दिल्ली में कोविड-19 के मामले बढ़ कर 19,844 हो गये हैं और राष्ट्रीय कोविड-19 तालिका में यह तीसरे स्थान पर है.

राजस्थान
राजस्थान सरकार ने रविवार को लॉकडाउन 5.0 के लिये जारी दिशा निर्देश के तहत एक जून से सभी सरकारी और निजी कार्यालयों को पूरी क्षमता के साथ काम करने की अनुमति दी है जबकि सभी धार्मिक स्थानों, होटलों और मॉलों पर प्रतिबंध जारी रखने के निर्देश दिये है. पंजीकृत निजी और वाणिज्यिक वाहनों में यात्रियों को बैठने की क्षमता तक ही अनुमति दी गई है. एक जून से 30 जून तक लॉकडाउन 5.0 के लिए जारी दिशानिर्देश में राजस्थान सरकार ने बसों को अन्य राज्यों और निषिद्ध क्षेत्र / कर्फ्यू वाले क्षेत्र को छोडकर बाकी मान्य मार्गों पर चलने की अनुमति दी, लेकिन सिटी बसों का अगामी आदेश तक संचालन नहीं होगा.

गुजरात
गुजरात सरकार ने सोमवार से लॉकडाउन में छूट देने की घोषणा की है और कोविड-19 निषिद्ध क्षेत्र के बाहर सभी दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को खोलने की अनुमति देने का फैसला किया है. गुजरात में रविवार को कोरोना वायरस के 438 नए मरीज सामने आए और 31 संक्रमितों की मौत हुई. इसी के साथ राज्य में मामलों की संख्या 16,794 पर पहुंच गई जबकि मृतकों का आंकड़ा 1,038 हो गया.

पश्चिम बंगाल
पश्चिम बंगाल सरकार ने सभी धर्मों के पूजा स्थलों को सोमवार से फिर से खोलने की अनुमति दे दी है लेकिन विभिन्न धार्मिक संस्थानों के अधिकारियों ने रविवार को कहा कि उन्हें और समय की जरूरत है जिससे वे आने वाले श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था स्थापित कर सकें. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक जून से राज्य के सभी धार्मिक संस्थानों को फिर से खोलने की घोषणा की थी. हालांकि इस अनुमति में एक शर्त भी है कि एक बार में केवल 10 लोग ही धार्मिक स्थल के अंदर जा सकते हैं.

मध्यप्रदेश
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को कहा कि जिलों में अधिक प्रभावित मोहल्ला/कॉलोनी इत्यादि क्षेत्र निषिद्ध क्षेत्र होंगे और वहां 30 जून तक लॉकडाउन यथावत लागू रहेगा एवं केवल आवश्यक गतिविधियों की अनुमति दी जाएगी जबकि शेष क्षेत्र सामान्य क्षेत्र होगा.

आज से चलेंगी 200 ट्रेनें 
रेलवे ने रविवार को कहा कि 200 विशेष यात्री ट्रेनों का परिचालन शुरू होने से कुछ घंटे पहले झारखंड, आंध्र प्रदेश और महाराष्ट्र ने इन सेवाओं के बारे में आपत्ति जाहिर की है. हालांकि इन तीन राज्यों द्वारा एक जून से चलाई जाने वाली विशेष ट्रेनों को लेकर आपत्ति जताने के बाद, रेलवे ने योजना में कोई बदलाव नहीं होने की बात करते हुए इनके ठहराव में बदलाव की इजाजत दी है. सूत्रों ने बताया कि तीन राज्यों ने कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों को लेकर चिंता जताई है और इसे ट्रेनों के परिचालन के लिए उनके विरोध का कारण माना जा रहा है.

लेटर में उन्होंने उल्लेख किया, “चूंकि बड़ी संख्या में यात्रियों ने इन ट्रेनों से यात्रा करने के लिए पहले से ही बुकिंग कर रखी है, इससे यात्रियों को भारी असुविधा होगी और यदि इन ट्रेनों को रद्द कर दिया जाता है, तो विभिन्न स्टेशनों पर कानून व्यवस्था को लेकर भी दिक्कतें होंगी. इसलिए, ट्रेनों के संचालन को जारी रखना वांछनीय होगा, जो पहले ही 20 मई को घोषित किए जा चुके हैं और 21 मई से बुकिंग शुरू हो गई थी.” पश्चिम रेलवे ने कहा, “1 जून, 2020 से प्रभावी कार्यक्रम के अनुसार रेल मंत्रालय और महाराष्ट्र सरकार चर्चा के बाद / महाराष्ट्र से विशेष ट्रेन चलाने के मुद्दे पर सर्वसम्मति पर पहुँच गए हैं.”

इससे पहले सूत्रों ने बताया कि झारखंड ने अनुरोध किया है कि राज्य आने वाली चार ट्रेनों का परिचालन नहीं किया जाये, जबकि 20 अन्य के ठहराव कम हो. आंध्र प्रदेश ने कहा कि केवल 22 ट्रेन राज्य में आनी चाहिए और फिलहाल ठहराव की संख्या कम की जाये. सूत्रों के अनुसार रेलवे द्वारा बनाई गई योजनाओं के अनुसार आंध्र प्रदेश में 71 ठहराव थे. हालांकि वह केवल 18 स्थानों पर ठहराव चाहता है क्योंकि उनका कहना है कि अन्य ठहराव बिंदुओं पर पृथक रखने संबंधी बुनियादी ढांचा तैयार करना संभव नहीं था. वहीं दूसरी ओर महाराष्ट्र ने लॉकडाउन की अवधि को 30 जून तक बढ़ा दिया है और ट्रेन तथा विमान परिचालन को प्रतिबंधित किया है. रेलवे ने एक जून से 200 विशेष यात्री ट्रेनों को चलाने का फैसला लिया है.

(इनपुट भाषा)