लखनऊ: यूपी में राष्ट्रीय लोकदल ने बीजेपी सरकार पर बड़ा हमला बोला है. रालोद ने केंद्र और प्रदेश की बीजेपी सरकार को युवा विरोधी करार देते हुए कहा कि योगी-मोदी सरकार में युवा वर्ग डिप्रेशन का शिकार हो रहा है. सरकार बनने से पहले लॉलीपॉप दिखाकर युवाओं को अपनी ओर आकर्षित करने का प्रयास करती है, बाद में वह भी फीका निकलता है. Also Read - 54 जिलों से हैं 50% प्रवासी, 44 यूपी-बिहार के ही, PM मोदी का वाराणसी, योगी का गोरखपुर, अखिलेश का इटावा लिस्ट में

Also Read - नोएडा में टिड्डी दल से बचाव के लिए बनी कमेटी, डीएम ने किसानों को दी सलाह

कैराना लोकसभा उपचुनाव 2018: अम्‍बेहटा पीर में आज सीएम और डिप्‍टी सीएम की रैली Also Read - भाजपा शासित राज्यों ने कोविड-19 के की लड़ाई में आत्मसमर्पण कर दिया है : कांग्रेस

रालोद के प्रदेश प्रवक्ता सुरेंद्रनाथ त्रिवेदी ने कहा कि केंद्र सरकार ने 2014 में 2 करोड़ नौकरियां प्रतिवर्ष देने का वादा किया था परन्तु वह संख्या 2 लाख भी प्रतिवर्ष न पहुंच सकी. यहां तक कि प्रधानमंत्री के कौशल विकास योजना के अंर्तगत ट्रेनिंग किए युवा वर्ग के लोग रोजगार के अभाव में निराशाग्रस्त हैं. उन्होंने कहा कि अब प्रदेश में मुख्यमंत्री ने करोड़ों रुपये खर्च करके इन्वेस्टर्स समिट में बड़े-बड़े औद्यागिक घरानों को आमंत्रित कर प्रदेश के युवाओं को भ्रमजाल में डाल रखा है और यह सपना दिखा रहे हैं कि बड़े-बड़े उद्योग स्थापित होंगे और लोगों को रोजगार मिलेगा.

UP: अखिलेश यादव ने सरकारी बंगला खाली करने के लिए मांगी 2 साल की मोहलत

सरकार की नियत ठीक नहीं, वरना 10 करोड़ को मिलता रोजगार

प्रवक्ता ने कहा कि यह निश्चित है कि 2019 को ध्यान में रखते हुए चालू वर्ष में कई बार प्रदेश सरकार बड़े-बड़े उद्योगपतियों के माध्यम से अपनी ओर आकर्षित करने का प्रयास करेगी, लेकिन यह भी एक शानदार धोखा होगा. रालोद प्रवक्ता ने कहा कि लगभग सभी विभागों में कर्मचारियों के स्थान रिक्त हैं और यदि सरकार अच्छी नियत से कार्य करें तो वर्ष 2018 में ही कम से कम 10 करोड़ बेरोजगारों को रोजगार मिल सकता है. वास्तविकता यह है कि सरकार काम चलाऊ तरीके से विभिन्न विभागों में आउटर्सोसिंग के माध्यम से संविदा कर्मियों की नियुक्तियां करके अपनी चहेती एजेंसियों को लाभ पहुंचाने का काम कर रही है. उन्होंने कहा कि सरकारी पैसा बचाकर मंत्रिमंडल की सुख-सुविधाओं में खर्च किया जा रहा है. (इनपुट एजेंसी)