संभल (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के संभल जिले (Sambhal) के एक गांव में पिछले दो दिनों में 15 बंदरों की मौत से दहशत फैल गई है. बंदर बुरी तरह से बीमार थे. उन्हें बुखार था और फेफड़ों में सूजन थी. इसके बाद बंदरों की मौत हो गई. लोगों को डर है कि बंदरों की मौत की वजह कहीं कोरोना वायरस न हुई हो, क्योंकि कोरोना वायरस में बुखार और फेफड़ों में तकलीफ की समस्याएं होती हैं. Also Read - लॉकडाउन: अमित शाह ने सभी मुख्यमंत्रियों को फोन कर पूछा, अब आगे क्या?

लोग इसलिए भी डरे हैं क्योंकि कोरोना वायरस जानवरों (Corona Virus in Animals) में भी पहुंच चुका है. अमेरिका में दुनिया का पहला ऐसा मामला सामने आया था, जिसमें एक बाद बाघिन कोरोना से संक्रमित पाई गई थी, इसके बाद भारत में भी देश भर के चिड़ियाघरों को अलर्ट कर दिया गया है. जानवरों के स्वास्थ्य पर नज़र रखी जा रही है. बीमार जानवरों को स्वस्थ जानवरों से अलग रखा जा रहा है. Also Read - स्मृति ईरानी ने कहा- कांग्रेस देश की चुनौतियों से फायदा उठाने की कोशिश में है, वो यही कर सकती है

हालाँकि संभल में हुई बंदरों की मौत के मामले में विशेषज्ञों ने कोरोना को जिम्मेदार नहीं माना है. बरेली में भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) से ऑटोप्सी रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, पशु चिकित्सकों को संदेह है कि पवनसा गांव के बंदर निमोनिया के शिकार हो सकते हैं. Also Read - देश में 1.3 अरब लोगों का कोरोना का टेस्ट संभव नहीं, ये बहुत महँगा पड़ेगा: डॉ. हर्षवर्धन

आईवीआरआई के सूत्रों के मुताबिक, शुरूआती परीक्षणों से पता चलता है कि मृत बंदरों में लिवर और किडनी में संक्रमण था. उन्होंने इसके लिए दूषित पानी के सेवन को जिम्मेदार ठहराया. पानी में शायद कीटनाशकों का उपयोग कृषि के लिए किसानों द्वारा किया गया था. एक पशु चिकित्सक, प्रकाश नीर ने कहा कि बंदरों ने कुछ जहरीला पदार्थ खाया होगा. उन्होंने कहा कि मृत बंदरों के फेफड़े सूजे हुए थे और उनके शरीर के तापमान से पता चला कि उन्हें तेज बुखार था.

इस समय पूरे देश में कोरोना के चलते संकट छाया हुआ है. देश में कोरोना के मरीजों की संख्या 5 हज़ार पार हो गई है, मरने वाले 150 से अधिक हो गए हैं. 21 दिनों का लॉकडाउन चल रहा है. उत्तर प्रदेश के 15 जिलों को आज रात 12 बजे से पूरी तरह से सील कर दिया गया है. दुनिया भर कोरोना से मरने वालों की संख्या 70 हज़ार से अधिक हो गई है. जबकि संक्रमित मरीजों की संख्या 13 लाख से अधिक हो गई है. अमेरिका का सबसे बुरा हाल है. वहां अब तक साढ़े तीन लाख से अधिक लोग कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं. मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है.