नई दिल्ली: उत्तराखंड के जंगल आग में झुलस रहे हैं. पिछले कई दिनों से उत्तराखंड के जंगलों में बुरी तरह से आग लगी हुई है. पिछले चार दिनों में जंगल में अलग-अलग जगह पर 46 बार आग लग चुकी है. इससे कई सैकड़ा पेड़ जलकर राख हो चुके हैं. उत्तराखंड के एक हिस्से में इससे प्रदूषण की समस्या भी बढ़ गई है. वहीं, आग से दो लोगों की मौत भी हुई है.Also Read - अबू धाबी में तेल के टैकरों में विस्फोट, ड्रोन हमले की आशंका, दो भारतीय, एक पाकिस्तानी नागरिक की मौत

बढ़ी गर्मी और प्रदूषण
इन दिनों वैसे भी गर्मी है. वहीं, जगलों में आग लगने से न सिर्फ प्रदूषण की समस्या बढ़ी है, बल्कि गर्म हवाएं भी चल रही हैं. इसका असर न सिर्फ उत्तराखंड में है, बल्कि पूरे उत्तर भारत में ये गर्म हवाएं चलना शुरू हो गई हैं. राजस्थान जैसी जगह पर गर्मी चरम पर पहुंच गई है. जबकि दिल्ली में भी झुलसा देने वाली तपन हो चुकी है. टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, पिछले एक साल में कम से कम एक हज़ार बार आग लग चुकी है. ये सिलसिला अभी भी जारी है. इसी बीच उत्तराखंड में बारिश भी हुई है, इससे आग का प्रकोप कुछ कम होने में कुछ मदद मिल सकती है. Also Read - Photos: देश में मकर संक्रांति, पोंगल, माघ बीहू, भोगी और उत्तरायण पर्व के ब‍िखरे रंग, लाखों लोगों ने स्‍नान किया

भयावाह हो सकती है आग Also Read - SC on Dharam Sansad: धर्म संसद में दिए गए नफरत भरे भाषणों के खिलाफ याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने उत्तराखंड सरकार से मांगा जवाब

वहीं, अगर आग पर बहुत जल्दी काबू नहीं पाया गया तो ये बेहद भयावाह हो सकती है. इस आग से अब तक 50 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में आग फ़ैल चुकी है. आग बढ़ ही रही है. कुमायूं क्षेत्र में ये 21 जगह पर जबकि गढ़वाल क्षेत्र में ये आग 16 जगह पर लगी है. अब तक किसी जानवर के इसमें हताहत होने की खबर नहीं है. उत्तराखंड अपनी प्राकृतिक खूबसूरती के लिए जाना जाता है.