हैदराबाद: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एम वीरप्पा मोइली ने शुक्रवार को राहुल गांधी से अपील की कि वह अपनी जिम्मेदारी संभालें और कुछ प्रदेश इकाइयों में असंतोष समाप्त करें. उन्होंने कहा कि वह विकल्प लाये बिना पार्टी का अध्यक्ष पद नहीं छोड़ सकते. पूर्व केंद्रीय मंत्री ने पार्टी की पंजाब और राजस्थान इकाइयों में अंदरूनी कलह और तेलंगाना एवं महाराष्ट्र में पार्टी छोड़ने की खबरों की ओर इशारा करते हुए कहा कि पार्टी में हम सभी चिंतित हैं. उन्होंने कहा कि जब नेतृत्व कार्य नहीं करता तो ऐसी चीजें होंगी.

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राहुल गांधी ने लोकसभा चुनाव में पार्टी के खराब प्रदर्शन के बाद 25 मई को कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक में पार्टी अध्यक्ष पद से इस्तीफे की पेशकश की थी. कांग्रेस कार्यसमिति ने उनकी पेशकश को सर्वसम्मति से खारिज कर दिया था लेकिन गांधी पद छोड़ने पर कथित रूप से अड़े हुए हैं. कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री मोइली ने कहा कि यदि वह इस्तीफा देना चाहते भी हैं तो यह इसका समय नहीं है. जब तक वह स्थिति को संभालने के लिए विकल्प नहीं लाते, मैं नहीं समझता कि राहुल गांधी को पद छोड़ना चाहिए.

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कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने कहा कि गांधी को अपना इस्तीफा तुरंत वापस लेना चाहिए और जिम्मेदारी संभालनी चाहिए, उन्हें अनुशासन लागू करना चाहिए और बिना समय गंवाये पार्टी में सुधार करना चाहिए और उसमें आत्मविश्वास, जोश और उत्साह भरना चाहिए. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन से निराश नहीं होना चाहिए. उन्होंने कहा कि पार्टी भविष्य में वापसी करेगी. इस तरह का उत्साह कांग्रेस के प्रत्येक नेता और प्रत्येक कार्यकर्ता में होना चाहिए.

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मोइली ने पार्टी के कार्यकर्ताओं का मनोबल ऊंचा बनाये रखने के लिए उचित रणनीति अपनाने पर जोर दिया. उन्होंने साथ ही कहा कि स्थानीय, प्रदेश और राष्ट्रीय नेतृत्व में विश्वास बढ़ाने की जरुरत है. उन्होंने कहा कि विपक्ष को कांग्रेस की हार का लाभ नहीं लेने देना चाहिए. पार्टी की हार के कारणों का पता लगाया जा सकता है लेकिन पार्टी को एकजुट रखना जरूरी. उन्होंने कहा कि गांधी को दिल्ली में एक मंथन बैठक बुलानी चाहिए जिसमें न केवल कांग्रेस कार्यसमिति और प्रदेश इकाइयों के प्रमुखों को ही नहीं बल्कि उसमें पार्टी के उन नेताओं को भी बुलाना चाहिए जो हमेशा संगठन के साथ खड़े हुए. इसी तरह की बैठकें प्रदेश स्तर पर भी बुलायी जानी चाहिए.

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उनके अनुसार विभिन्न स्तरों पर पार्टी कमेटियों का तत्काल पुनर्गठन होना चाहिए और जो अच्छे परिणाम नहीं दे सके उन्हें बदला जाना चाहिए. मोइली ने कहा कि उन्हें (गांधी) चीजों का जायजा लेना चाहिए. आप पद (कांगेस अध्यक्ष का) खाली नहीं रख सकते. उन्हें अपनी जिम्मेदारी संभाल लेनी चाहिए, अनुशासन लागू होना चाहिए, जहां भी दिक्कत है उससे युद्धस्तर पर निपटा जाना चाहिए. मोइली ने कहा कि यदि वह इस्तीफा देना चाहते हैं…इस स्तर पर नहीं, उन्हें बहुत कठोर कदम उठाना होगा, जो अच्छे परिणाम नहीं दे सके उन्हें प्रदेश स्तर और अन्य स्थानों पर हटाया जाना चाहिए, वह ऐसे ही नहीं छोड़ सकते. उन्हें खुद पर जोर देना होगा और पार्टी को व्यवस्थित करना होगा. यह उनका कर्तव्य है.

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