नई दिल्ली: लद्दाख की गलवान घाटी में चीनी सेना के साथ संघर्ष में घायल हुए भारतीय सेना के चार जवानों की हालत अब स्थिर है. ये जवान गंभीर रूप से घायल थे. इनकी हालत खराब बताई जा रही थी. चोटें काफी ज्यादा लगी थीं, लेकिन अब इनकी हालत स्थिर बताई जा रही है. भारतीय सेना के सूत्रों के हवाले से एएनआई ने ये खबर दी है. Also Read - गलवान घाटी झड़प में घायल हुए जवानों से मिले पीएम मोदी, बोले- आपको जन्म देने वाली माताओं को नमन करता हूं

बता दें कि लद्दाख की गलवान घाटी में चीनी सेना से संघर्ष में 20 जवान शहीद हो गए थे. भारतीय सैनिकों पर हमला किया गया था. चीनी सैनिकों ने साजिश के साथ सैनिकों पर हमला किया था. खराब हालात से जूझते हुए भारतीय सैनिक शहीद हो गए. कई गंभीर घायल हुए थे, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है. Also Read - चीन से तनाव के बीच आर्मी की युद्ध क्षमता बढ़ाई जाएगी, 38 हज़ार करोड़ की लागत से हथियार खरीदेगी सरकार

इस पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है. पीएम मोदी ने कहा की हम शांति चाहते हैं, लेकिन अगर कोई उकसायेगा तो हम जवाब देने में सक्षम हैं. पीएम ने वीडियो में कहा कि भारत शांति चाहता है. पीएम ने कहा था की भारत उकसाने पर हर हाल में यथोचित जवाब देने में सक्षम है. हमारे शहीद जवान के विषय में देश को इस बात का गर्व होगा कि वे मारते-मारते मरे हैं. बता दें कि इस संदेश के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी साफ शब्दों में बता चुके हैं कि भारत अपनी संप्रभुता की रक्षा करने में सक्षम है. Also Read - चीन से तनाव के बीच राजनाथ सिंह लद्दाख जाएंगे, सीमा पर सैनिकों से करेंगे बातचीत

भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने चीन के विदेश मंत्री वांग यी से फ़ोन पर बात की. इसके बाद भारतीय विदेश मंत्रालय का बयान आया है. भारत ने गलवान घाटी में हुई झड़प को सोची समझी साजिश करार दिया है. विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया है की गलवान में जो हुआ वह सोची समझी साजिश थी. ये ज़मीनी हालात बदलने की साजिश है.