नई दिल्ली: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के रिश्तेदार रतुल पुरी को दिल्ली कोर्ट और निचली अदालत से मंगलवार को कोई राहत नहीं मिली और इससे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के लिए वीवीआईपी हेलि‍कॉप्टर घोटाले से जुड़े मनी लॉन्‍ड्रिंग के मामले में उनकी गिरफ्तारी का मार्ग प्रशस्त हो गया है. हालांकि उनकी वकील ने कहा कि अब वे गिरफ्तारी से उनके संरक्षण के लिए फिर से उच्च न्यायालय का रुख करेंगे.

पुरी ने अन्य लंबित आवेदनों पर सुनवाई से पहले उनकी अग्रिम जमानत याचिका पर फैसला नहीं सुनाने का निचली अदालत को निर्देश देने के लिए दायर याचिका मंगलवार को दिल्ली हाई कोर्ट से वापस ले ली. पुरी के वकील ने जब याचिका वापस लेने का अनुरोध किया तो न्यायमूर्ति सुनील गौड़ ने इसकी अनुमति देते हुए उसे खारिज कर दिया.

इसके कुछ घंटों बाद दिल्ली की एक अदालत ने पुरी की अग्रिम जमानत याचिका मंगलवार को खारिज कर दी. वह वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाले से जुड़े धनशोधन मामले में आरोपी हैं.

विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार ने पुरी के उन आवेदनों को भी अस्वीकार कर दिया, जिसमें प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ईसीआईआर) और धन शोधन रोकथाम अधिनियम (पीएमएलए) की धारा 50 के तहत दर्ज एक बयान की प्रति मांगी गई थी.

न्यायाधीश ने कहा कि इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि जांच महत्वपूर्ण चरण में है और आवेदक/आरोपी रतुल पुरी द्वारा निभाई गई भूमिका, ईडी द्वारा एकत्र किये गये सबूतों, आरोपों की गंभीरता और आरोपी के कथित आचरण को ध्यान में रखते हुए, मैं अग्रिम जमानत दिया जाना उचित नहीं समझता हूं. इसलिए अग्रिम जमानत की याचिका खारिज की जाती है.

हिंदुस्तान पावर प्रोजेक्ट्स प्राईवेट लिमिटेड के अध्यक्ष पुरी ने मामले में अग्रिम जमानत के लिए 27 जुलाई को अदालत का दरवाजा खटखटाया था. उन्होंने कहा कि उन्हें मामले में गिरफ्तारी की आशंका है.

अगस्ता वेस्टलैंड के साथ रद्द हो चुके 3600 करोड़ रुपए के हेलि‍कॉप्टर सौदे से जुड़े मामले में पूछताछ के लिए वह हाल में प्रवर्तन निदेशालय के समक्ष पेश हुए थे. इस बीच पुरी मंगलवार को ईडी के समक्ष पेश नहीं हुए.

अधिकारियों ने बताया कि पुरी को मामले के जांच अधिकारी (आईओ) के सामने पेश होने के लिए कहा गया था, लेकिन वह पेश नहीं हुए. हालांकि अभी तत्काल यह पता नहीं चल सका है कि ईडी ने पेश होने के लिए कोई नई तिथि उन्हें दी है या नहीं. यह भी पता नहीं चल पाया है कि क्या एजेंसी के समक्ष अपनी अनुपस्थिति के लिए पुरी ने कोई कारण दिया है या नहीं.