नई दिल्ली: केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के बारे में सभी प्रकार की तैयारियों को लेकर सोमवार को देशवासियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि सरकार ने किसी भी प्रकार की स्थिति से निपटने के लिए हरसंभव उपाय किए हैं. अब तक, 8,74,708 यात्रियों की स्क्रीनिंग की गई है. Also Read - कोरोना से अब तक 111 लोगों की मौत, भारत में 4281 हुई संक्रमितों की संख्या; राज्यों ने दिए लॉकडाउन बढ़ाने के संकेत

डॉ. हर्षवर्धन ने राष्ट्रीय राजधानी में कोरोना वायरस के संकट से निपटने के लिए दिल्ली सरकार और स्थानीय निकायों की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक के बाद कहा, ”मैं देशवासियों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि हम सब मिलकर सभी प्रकार की तैयारियां कर रहे हैं. स्थिति से निपटने के लिए कोई भी रास्ता हम छोड़ नहीं रहे हैं.” Also Read - कोरोना वायरस से हुई मां की मौत तो बेटे ने शव लेने से किया इनकार, जिला प्रशासन को करना पड़ा अंतिम संस्कार

बता दें कि सोमवार को देश में कोरोना वायरस के चार नए मामले सामने आने के बाद संक्रमित लोगों की कुल संख्या 43 पर पहुंच गई है. स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने सोमवार को इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि दिल्ली, उत्तर प्रदेश और जम्मू-कश्मीर से एक-एक नया मामला सामने आया है. Also Read - कांग्रेस ने सांसदों के वेतन में कटौती का स्वागत किया, सांसद निधि बहाल करने की मांग

डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि दिल्ली सरकार से राजधानी में स्थिति की नियमित समीक्षा करने और हर संदिग्ध मामले की विस्तार से तहकीकात कर केंद्रीय एजेंसियों को भी अवगत कराने को कहा है. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि देश में आए अब तक 8.74 लाख से अधिक यात्रियों की विभिन्न हवाईअड्डों पर, 16.5 हजार से अधिक यात्रियों की दर्जन भर बंदरगाहों पर और स्थल सीमाओं से आने वाले 11.5 लाख से अधिक यात्रियों की थर्मल स्कैनिंग पद्धति से जांच की गई है. इनमें से 30 हजार से अधिक यात्रियों को सामुदायिक निगरानी के दायरे में रखा गया.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने कहा, 18 जनवरी को हमने 7 हवाई अड्डों पर सार्वभौमिक स्क्रीनिंग शुरू की और अब 30 हवाई अड्डों को स्क्रीनिंग के लिए रखा गया है. अन्य देशों से आने वाले सभी यात्रियों की स्क्रीनिंग एयरपोर्ट पर की जा रही है. अब तक, 8,74,708 यात्रियों की स्क्रीनिंग की गई है.

संक्रमण की जांच के बारे में उन्होंने बताया कि अब तक दिल्ली और पुणे सहित अन्य शहरों की 15 प्रयोगशालाओं में सैंपल परीक्षण किया जा रहा था, अब 31 और प्रयोगशालायें सक्रिय की गई हैं. उन्होंने बताया कि सभी राज्य सरकारों के साथ भी नियमित समीक्षा की जा रही है और राज्यों को कोरोना वायरस से निपटने के लिए जल्द रैपिड एक्शन टीम बनाने के लिए कहा गया है.

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, हम कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए सभी राज्यों को व्यापक दिशा-निर्देश भेज रहे हैं और राज्य सरकारों से कहा गया है कि वे कोरोना वायरस से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए प्रयोगशालाओं और निगरानी तंत्र को मजबूत कर प्रशासनिक अमले को भी सचेत एवं सक्रिय रखें.

डॉ. हर्षवर्धन ने बताया कि उन्होंने भारत में कोरोना वायरस के संक्रमण की मौजूदा स्थिति और हालात से निपटने की तैयारियों के बारे में रविवार को विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की क्षेत्रीय निदेशक साथ बैठक की थी. उन्होंने कहा कि डब्ल्यूएचओ ने भी कोरोना वायरस से निपटने के लिए भारत के प्रयासों पर संतोष व्यक्त किया.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ हर्षवर्धन ने कहा, हमने अपने वैज्ञानिकों और प्रयोगशालाओं को ईरान भेज दिया है, जब हमें कस्टम क्लीयरेंस मिल जाएगा तब वे काम करना शुरू कर देंगे. अभी हम वहां से नमूने ला रहे हैं और जब उस नमूने की रिपोर्ट नकारात्मक आएगी, तो हम उन्हें वापस लाएंगे.

बैठक में दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और तीनों नगर निगमों के मेयर सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे.