कंचरापारा (पश्चिम बंगाल): पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शुक्रवार को चुनाव के लिए बैलेट पेपर प्रणाली को वापस लाने की मांग को सामने रखा और कहा कि उनकी पार्टी इस मांग को लेकर 21 जुलाई को शहीद दिवस रैली के साथ एक आंदोलन शुरू करेगी. भाजपा पर 2019 लोकसभा चुनाव में ईवीएम के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप लगाते हुए, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ने कहा, “बैलेट पेपर ही देश में लोकतंत्र स्थापित करने का एकमात्र उपाय है.” Also Read - West Bengal Board की 10वीं, 12वीं की Exam पर ममता बनर्जी सरकार ने लिया बड़ा फैसला, छात्र जरूर जानें

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बनर्जी ने यहां एक जनसभा में कहा, “ईवीएम के साथ छेड़छाड़ किया गया. चुनाव के दौरान कई ईवीएम मशीनों के खराब होने के बाद, उसके स्थान पर नई ईवीएम मशीनों को बिना मॉक टेस्ट के लाया गया. कौन जानता है कि वे मशीनें प्री-प्रोग्राम्ड थीं या नहीं? क्या किसी ने चेक किया था कि ये मशीनें ओवरलोडेड हैं या नहीं?” Also Read - TMC कार्यकर्ताओं को BJP नेता दिलीप घोष की धमकी, सुधर जाओ वरना...

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बनर्जी ने कहा, “हमारी मांग है कि हम ईवीएम नहीं चाहते हैं. हम बैलेट पेपर चाहते हैं. हम इस वर्ष 21 जुलाई से इस मांग को लेकर अपना आंदोलन शुरू करेंगे. हमने एकबार ‘पहचान पत्र नहीं तो वोट नहीं’ को लेकर एक अभियान की शुरुआत की थी. उस दिन हमारे 13 कार्यकर्ता मारे गए थे और 100 से ज्यादा घायल हो गए थे. लेकिन हमने सुनिश्चित किया कि हमारी मांगें मानी जाएं. हम इस बार भी यही करेंगे.”