दुमका: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शनिवार को एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि जब कोरोना संकट में राज्य के गरीबों पर संकट आया तो राज्य सरकार ने उनकी हर तरह से मदद की लेकिन जब गरीबों पर आफत आयी तो देश के प्रधानमंत्री कहां चले गये थे? Also Read - बिहार में कोरोना संक्रमितों की संख्या पहुंची 2.33 लाख के पार, 682 नए मामले आए सामने

सोरेन ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘’ हमारे देश के आदरणीय प्रधानमंत्री जी के भाषणों को याद कीजिये. वो कहते थे कि जो लोग हवाई चप्पल पहनकर चलते हैं वो अब हवाई जहाज में चलेंगे. लेकिन कोरोना संकट के दौरान जब गरीबों पर आफत आई तो कहां चले गये थे प्रधानमंत्री जी?’’ भाजपा विधायक दल के नेता बाबूलाल मरांडी के हाल के बयान पर भारी नाराजगी जताते हुए मुख्यमंत्री ने पूछा, ‘‘कहां चले गये हमारे भाजपा के सहयोगी? उनको ये बातें लोगों को बतानी चाहिये.’’ मरांडी ने मुख्यमंत्री के पिता शिबू सोरेन को सपरिवार दुमका से बाहर कर देने का आह्वान जनता से हाल ही में किया था. Also Read - बिहार की सड़कों पर नहीं बजेंगे बैंड-बाजा, शादी में केवल 100 लोग होंगे शामिल

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने दुमका के कितने नौजवानों को हवाई जहाज से वापस लाने का काम किया, इसके आपलोग लोग गवाह हैं. Also Read - Delhi में कोरोना की मार: वेंटिलेटर के साथ केवल 205 ICU बेड उपलब्ध, 60 अस्पतालों में कोई बेड नहीं खाली

मुख्यमंत्री यहीं नहीं रुके उन्होंने कहा, ‘‘लोकतंत्र के इस महापर्व में लोगों की हिमाकत तो देखिये! आदरणीय गुरुजी (झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन) के बारे में अपशब्द कहना प्रारंभ कर दिया है. राज्य अलग करने का श्रेय लेने के लिए गुमराह करने वाली बयानबाजी चल रही है. मैं इन भाजपा वाले से पूछना चाहता हूं कि वे बतायें कि उनके कितने व्यक्ति इस अलग राज्य के आन्दोलन में जेल गये और लाठी खाये? एक भी व्यक्ति का नाम बता दें.’

सोरेन ने आरोप लगाया कि पूरे राज्य से यहां की बहू-बेटियों को बंधुआ मजदूर बनाकर दूसरे राज्यों में काम कराया जा रहा है. मानव तस्करी की शिकार हुई बच्चियों सहित सभी को यहां लाकर राज्य सरकार रोजगार दे रही है.

उन्होंने कहा कि कोरोना-संक्रमण काल के दौरान झारखण्ड की दर्जनों लड़कियों को तमिलनाडु की कपडा फैक्ट्री में बंद करके जबरन काम कराया जा रहा था. वहां उनका शोषण हो रहा था. मात्र सात हजार रुपये प्रतिमाह उन्हें दिये जा रहे थे. उन्हें झारखण्ड लाकर हमारी सरकार ने 10 हजार रुपये प्रतिमाह की नौकरी दी. उन्होंने बताया कि एक-दो माह के अन्दर 8-10 हजार लड़कियों को उनकी सरकार नौकरी देगी.

मुख्यमंत्री यहां दो दिवसीय दौरे पर आये हैं. दुमका (सुरक्षित) विधानसभा से मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के छोटे भाई बसंत सोरेन झामुमो से उप चुनाव लड़ रहे हैं. यहां तीन नवंबर को मतदान होना है. बसंत सोरेन के खिलाफ भाजपा की उम्मीदवार पूर्व मंत्री लुईस मरांडी राजग उम्मीदवार के तौर पर चुनाव मैदान में हैं.