गुमला: झारखंड के गुमला जिले में जादू-टोना करने के संदेह में दो महिलाओं समेत चार बुजुर्गों की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई. पुलिस ने रविवार को बताया कि यह घटना शनिवार रात को जिले के नगर सिसकारी गांव में हुई. एसपी ने कहा कि यह जादू-टोने से जुड़ी घटना लग रही है और मामले की जांच की जा रही है. बता देंं क‍ि झारखंड में बीते दो दशकों में 1,000 से ज्यादा लोगों की जादू-टोना करने के संदेह में हत्या कर दी गई.

पुलिस के अनुसार, 10 से 12 लोगों ने रविवार को सिसकारी गांव में भोर में एक परिवार पर हमला कर दिया. हमलावर पीड़ित को घर से बाहर खींच लाए, उन्हें पीटा और गला रेत दिया. पुलिस के अनुसार, गांव वाले परिवार को गांव में कुछ बुरी घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराते थे. स्थानीय पंचायत सुबह करीब 3 बजे बुलाई गई थी, जिसने परिवार को जादू-टोना करने को लेकर परिवार को सजा देने का निर्णय किया.

पुलिस अधीक्षक अंजनी कुमार झा ने बताया कि चेहरा ढंके हुए 10-12 लोगों के समूह ने इन लोगों को घरों से बाहर निकाला और डंडों से तब तक पीटते रहे जब तक उनकी मौत नहीं हो गई. उन्होंने कहा, यह जादू-टोने से जुड़ी घटना लग रही है और मामले की जांच की जा रही है.

झा ने बताया कि सूना उरांव (65), चंपा उरांव (79), फगनी उरैन (60) और पीरो उरैन (74) की मौत हो गई. पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है. वरिष्ठ पुलिस अधिकारी गांव में पहुंच चुके हैं और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. किसी को अभी तक गिरफ्तार नहीं किया गया है.

बता दें कि गत महीने बाइक चोरी में हाथ होने की आशंका के चलते लोगों के एक समूह ने तरबेज अंसारी को पीटा और उनसे ‘जय श्री राम’ का नारा लगाने को कहा था. घटनास्थल से उनके दो साथी भागने में कामयाब हो गए थे. मारपीट की घटना के एक हफ्ते बाद अंसारी की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी. उनकी हत्या के मामले में 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट सरायकेला पुलिस को सौंपी गई.