झारखंड के मुख्यमंत्री हेमेंत सोरेन ने आज मंगलवार को अहम घोषणा करते हुए ब्लैक फंगस को राज्य में महामारी घोषित कर दिया. मुख्यमंत्री कार्यालय ने आज ये जानकारी दी. राज्य सरकार ने केंद्र सरकार की उस अपील के करीब एक महीना बाद ये घोषणा की जिसमें राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को ब्लैक फंगस को महामारी घोषित करने के लिए कहा गया.Also Read - ब्लैक फंगस के कारण दोनों आंखें गंवा चुके पुलिसकर्मी ने की सुसाइड, पिस्तौल से खुद को मारी गोली

ब्लैक फंगस एक दुर्लभ संक्रमण है जो मिट्टी, पौधों, खाद और सड़ रहे फलों और सब्जियों में पाए जाने म्यूकर मोल्ड के संपर्क में आने से होता है. इसके इलाज में एंटी फंगल दवाओं का इस्तेमाल किया जाता है. इधर राज्य सरकार ने राज्य में संक्रमण की स्थिति को देखते हुए 17 जून तक लॉकडाउन लगा रखा है. हालांकि विभिन्न स्तर पर लोगों लॉकडाउन से छूट भी मिली हुई है. Also Read - मुंबई में सामने आया ब्लैक फंगस का खतरनाक मामला, 3 बच्चों को गंवानी पड़ी अपनी आंख

इसमें पूर्वी सिंहभूम को छोड़कर सभी जिलों में शाम चार बजे तक सभी दुकानों को खोलने की अनुमति दी जा रही है. पहले बंद की गई दुकानों को दोपहर 2 बजे तक खोलने की अनुमति थी. पूर्वी सिंहभूम जिले में गृह कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार शाम चार बजे तक सभी दुकानों को खोलने की अनुमति होगी. परिधान, कपड़ा, आभूषण, जूते और कॉस्मेटिक की दुकानों बंद रहेंगी. Also Read - Black-White-Yellow के बाद अब मिला Green Fungus का पहला मरीज, ये फंगस है ज्यादा खतरनाक, जानिए

शनिवार से शाम 4 बजे से सोमवार सुबह 6 बजे तक फल, सब्जी, किराना सामान, मिठाई और खाने-पीने का सामान बेचने वाली दुकानों समेत राज्य में सभी दुकानें बंद रहेंगी. पाबंदी दवा की दुकानों, क्लीनिकों, अस्पतालों, पेट्रोल पंपों, एलपीजी आउटलेट, सीएनजी आउटलेट, होम डिलीवरी करने वाले रेस्तरां, राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर स्थित ढाबों, कोल्ड स्टोरेज, गोदामों और माल अनलोडिंग के लिए लागू नहीं होंगे. (एजेंसी इनपुट सहित)