रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री रघुवर दास ने गुरुवार को कहा कि सरकार राज्य की महिलाओं को मालकिन बनाना चाहती है और इसी कारण देश में पहली बार झारखंड ने एक रुपये में महिलाओं के नाम पर सम्पति की रजिस्ट्री प्रारंभ की. मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तीकरण के एक कार्यक्रम में यह कहा और बताया कि वर्तमान में राज्य में 80 प्रतिशत रजिस्ट्री महिलाओं के नाम पर हो रही है, जिससे महिलाएं सपंत्ति की मालकिन बन रही हैं. Also Read - Archer Soni Khatoon: लॉकडाउन में तीरंदाज सोनी खातून सब्जी बेचने को मजबूर, मिली मदद

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उन्होंने कहा कि किसानों और महिला सखी मण्डलों द्वारा उत्पादित सामग्रियों के भण्डारण के लिए प्रखण्ड स्तर पर गोदाम बनाए जाएंगे. प्रखण्ड स्तर पर सरकार द्वारा कोल्ड रूम भी स्थापित किये जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि महिला सखी मण्डलों को बैंक से ऋण सरलतापूर्वक मिले इस हेतु बैंको को निर्देश दिए गये हैं. बैंक को निर्देशित किया जाएगा कि मुद्रा ऋण महिला सखी मण्डलों को आसानी से मिले. Also Read - झारखंड में ‘अनलॉक-1’: सख्‍त नियमों के साथ मिलीं ये छूट, इन बातों का रखना होगा ध्‍यान

बेटे और बेटी में फर्क न करें- मुख्यमंत्री

झारखंड के मुख्यमंत्री रघुवर दास ने  महिला सशक्तिकरण पर बल देते हुए अपील की है कि लोग बेटे और बेटी में कोई फर्क न करें और महिलाओं की उपलब्धियों को नमन करें.

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मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर जारी बयान में महिलाओं के अदम्य साहस और उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों को नमन करते हुए कहा कि महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण उनकी आत्मनिर्भरता और सामाजिक समानता के लिए उनकी सरकार प्रतिबद्ध है. दास ने इस अवसर पर तमाम झारखण्डवासियों से अपील की है कि बेटे और बेटी में फर्क न करें.